देहरादून। उत्तराखंड राज्य में मई महीने से चार धाम की यात्रा शुरू होने जा रही है जिसके दृष्टिगत शासन प्रशासन तैयारियों में जुटा हुआ है इसी क्रम में सोमवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पीडब्ल्यूडी, पीएमजीएसवाई के साथ ही बीआरओ के अधिकारियों के साथ बैठक की।
बैठक में मुख्य रूप से सीएम धामी ने चारधाम से संबंधित सड़कों को दुरुस्त करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही उत्तराखंड राज्य के जंगलों में लगातार बढ़ रही वन अग्नि के घटनाओं के संबंध में भी अधिकारियों के साथ चर्चा किया गया।इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि उनका उद्देश्य है कि अंतिम व्यक्ति और अंतिम गांव तक सड़क पहुंचे।
उन्होंने कहा कि जब तक अंतिम छोर में बैठे व्यक्ति तक सड़क कनेक्टिविटी ना पहुंच जाए तब तक मैं खुद चैन से नहीं बैठूंगा और ना ही हमारे अधिकारियों चैन लेंगे। इस दौरान बैठक में पीडब्ल्यूडी, पीएमजीएसवाई, बीआरओ के सभी उच्च अधिकारी मौजूद रहे। वहीं, बैठक में मुख्यमंत्री ने बिना तैयारी के आए अधिकारियों को भी फटकार लगाई।
देहरादून। उत्तराखंड राज्य में मई महीने से चार धाम की यात्रा शुरू होने जा रही है जिसके दृष्टिगत शासन प्रशासन तैयारियों में जुटा हुआ है इसी क्रम में सोमवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पीडब्ल्यूडी, पीएमजीएसवाई के साथ ही बीआरओ के अधिकारियों के साथ बैठक की।
बैठक में मुख्य रूप से सीएम धामी ने चारधाम से संबंधित सड़कों को दुरुस्त करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही उत्तराखंड राज्य के जंगलों में लगातार बढ़ रही वन अग्नि के घटनाओं के संबंध में भी अधिकारियों के साथ चर्चा किया गया।इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि उनका उद्देश्य है कि अंतिम व्यक्ति और अंतिम गांव तक सड़क पहुंचे।
उन्होंने कहा कि जब तक अंतिम छोर में बैठे व्यक्ति तक सड़क कनेक्टिविटी ना पहुंच जाए तब तक मैं खुद चैन से नहीं बैठूंगा और ना ही हमारे अधिकारियों चैन लेंगे। इस दौरान बैठक में पीडब्ल्यूडी, पीएमजीएसवाई, बीआरओ के सभी उच्च अधिकारी मौजूद रहे। वहीं, बैठक में मुख्यमंत्री ने बिना तैयारी के आए अधिकारियों को भी फटकार लगाई।
देहरादून। चारधाम यात्रा शुरू होने में 26 दिन शेष बचे हैं और प्रशासन चारधाम यात्रा की व्यवस्थाएं दुरुस्त बनाने में लगा हुआ है। यात्रा को सुगम और हाईटेक बनाने के लिए इस बार प्रशासन की ओर से टूरिस्ट केयर एप लॉन्च किया जा रहा है। जिस ऐप का ट्रायल हो चुका है। ऐप के माध्यम से चारधाम यात्रा करने वाले यात्री अपना रजिस्ट्रेशन कर सकेंगे, साथ ही यात्रा संबंधित जानकारी भी ऐप के माध्यम से पा सकेंगे। इतना ही नहीं बल्कि इस ऐप के जरिए यात्रियों को चारधाम यात्रा के रूट प्लान, ट्रैफिक, पार्किंग, मौसम आदि की जानकारी आसानी से हासिल हो पाएगी।
सोमवार को चारधाम यात्रा को लेकर ऋषिकेश के नगर-निगम स्वर्ण जयंती सभागार में बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता गढ़वाल आयुक्त सुशील कुमार की ओर से की गई है। बैठक में चार धाम यात्रा से संबंधित जिलों के जिलाधिकारी, डीआईजी, एसएसपी सहित तमाम विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। बैठक के दौरान गढ़वाल आयुक्त सुशील कुमार ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों से व्यवस्थाओं के बारे में जायजा लिया और सख्त दिशा निर्देश देते हुए कहा कि चारधाम यात्रा को लेकर प्रत्येक विभाग की जिम्मेदारी सुनिश्चित करनी होगी और सामंजस्य के साथ यात्रा को सुगम बनाना होगा। सुशील कुमार ने बैठक के दौरान अधिकारियों को यह भी कहा कि कोविड संक्रमण के कारण लगातार दो बार चारधाम यात्रा सुचारू रूप से नहीं चल पाई है और इस बार कोविड के मामलों में रोकथाम देखने को मिली है। जिससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि इस बार चार धाम यात्रा में अधिक श्रद्धालु आने की उम्मीद है। जिसको देखते हुए व्यवस्थाओं को दुरुस्त बनाने में चुनौती देखने को मिल सकती है।
जानकारी देते हुए गढ़वाल आयुक्त सुशील कुमार ने बताया कि लगातार दो बार से कोविड संक्रमण के कारण यात्रा नहीं चल पाई है। जिस कारण उम्मीद है कि इस बार चार धाम यात्रा में श्रद्धालु भारी संख्या में पहुंचेंगे। जिसको देखते हुए व्यवस्थाएं मुकम्मल की जा रही है और यात्रियों की सुविधा के लिए टूरिस्ट केयर ऐप लॉन्च किया जा रहा है। जिस ऐप के जरिए यात्रा सुगम और हाईटेक बनाई जाएगी। उन्होंने जानकारी दी कि इस ऐप के जरिए यात्री अपने रजिस्ट्रेशन से लेकर ट्रैफिक की जानकारी, मौसम की जानकारी और यात्रा का स्टेटस जैसी तमाम जानकारी हासिल कर सकता है।
देहरादून। चारधाम यात्रा शुरू होने में 26 दिन शेष बचे हैं और प्रशासन चारधाम यात्रा की व्यवस्थाएं दुरुस्त बनाने में लगा हुआ है। यात्रा को सुगम और हाईटेक बनाने के लिए इस बार प्रशासन की ओर से टूरिस्ट केयर एप लॉन्च किया जा रहा है। जिस ऐप का ट्रायल हो चुका है। ऐप के माध्यम से चारधाम यात्रा करने वाले यात्री अपना रजिस्ट्रेशन कर सकेंगे, साथ ही यात्रा संबंधित जानकारी भी ऐप के माध्यम से पा सकेंगे। इतना ही नहीं बल्कि इस ऐप के जरिए यात्रियों को चारधाम यात्रा के रूट प्लान, ट्रैफिक, पार्किंग, मौसम आदि की जानकारी आसानी से हासिल हो पाएगी।
सोमवार को चारधाम यात्रा को लेकर ऋषिकेश के नगर-निगम स्वर्ण जयंती सभागार में बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता गढ़वाल आयुक्त सुशील कुमार की ओर से की गई है। बैठक में चार धाम यात्रा से संबंधित जिलों के जिलाधिकारी, डीआईजी, एसएसपी सहित तमाम विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। बैठक के दौरान गढ़वाल आयुक्त सुशील कुमार ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों से व्यवस्थाओं के बारे में जायजा लिया और सख्त दिशा निर्देश देते हुए कहा कि चारधाम यात्रा को लेकर प्रत्येक विभाग की जिम्मेदारी सुनिश्चित करनी होगी और सामंजस्य के साथ यात्रा को सुगम बनाना होगा। सुशील कुमार ने बैठक के दौरान अधिकारियों को यह भी कहा कि कोविड संक्रमण के कारण लगातार दो बार चारधाम यात्रा सुचारू रूप से नहीं चल पाई है और इस बार कोविड के मामलों में रोकथाम देखने को मिली है। जिससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि इस बार चार धाम यात्रा में अधिक श्रद्धालु आने की उम्मीद है। जिसको देखते हुए व्यवस्थाओं को दुरुस्त बनाने में चुनौती देखने को मिल सकती है।
जानकारी देते हुए गढ़वाल आयुक्त सुशील कुमार ने बताया कि लगातार दो बार से कोविड संक्रमण के कारण यात्रा नहीं चल पाई है। जिस कारण उम्मीद है कि इस बार चार धाम यात्रा में श्रद्धालु भारी संख्या में पहुंचेंगे। जिसको देखते हुए व्यवस्थाएं मुकम्मल की जा रही है और यात्रियों की सुविधा के लिए टूरिस्ट केयर ऐप लॉन्च किया जा रहा है। जिस ऐप के जरिए यात्रा सुगम और हाईटेक बनाई जाएगी। उन्होंने जानकारी दी कि इस ऐप के जरिए यात्री अपने रजिस्ट्रेशन से लेकर ट्रैफिक की जानकारी, मौसम की जानकारी और यात्रा का स्टेटस जैसी तमाम जानकारी हासिल कर सकता है।
देहरादून: उत्तराखंड से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आ रहा है। यहां राजाजी नेशनल पार्क में तैनात दो वनकर्मियों को इमानदारी से ड्यूटी निभाना मंहगा पड़ गया है। बताया जा रहा है कि वनकर्मियों ने नियमों के तहत यूपी के एक आईपीएस और उनके कुछ साथियों को रात में जंगल के अंदर जाने से रोका था। जिस कारण शासन ने उन्हें निलंबित कर दिया है। शासन की इस कार्रवाई पर सवालियां निशान खड़े हो रहे है।
मीडिया रिपोर्टस के अनुसार शुक्रवार रात गोहरी रेंज में वन विभाग के बैरियर पर एक वन दरोगा और फॉरेस्ट गार्ड अपनी ड्यूटी कर रहे थे। इसी दौरान वहां यूपी नंबर की एक कार आयी और उसमें बैठे पर्यटकों ने अंदर जाने की जिद की। उनका कहना था कि वहां से अंदर जाकर उनकी जमीन है, लेकिन वनकर्मियों ने रात में जंगल में अंदर जाने की इजाजत नही दी। इस पर गाड़ी में सवार एक व्यक्ति खुद को यूपी का आईपीएस बताकर उन पर रौब दिखाने लगा। बाद में पर्यटकों की ओर से पुलिस और पार्क निदेशक से मामले की शिकायत की गई। इसमें वनकर्मियों पर बदसलूकी का आरोप लगाया गया।
शिकायत पर कार्रवाई करते हुए निदेशक ने वन दरोगा और फॉरेस्ट गार्ड को सस्पेंड कर दिया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वन दरोगा और फॉरेस्ट गार्ड के निलंबन से कर्मचारियों में रोश है। तो वहीं निदेशक का कहा कि पार्क में रात में एंट्री वर्जित है, लेकिन वनकर्मियों को भी संयम बरतना चाहिए था। मामले की जांच की जाएगी। अगर वनकर्मी सही पाए गए तो निलंबन वापस होगा। किसी कर्मचारी का अहित नहीं होने दिया जाएगा।
देहरादून: उत्तराखंड से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आ रहा है। यहां राजाजी नेशनल पार्क में तैनात दो वनकर्मियों को इमानदारी से ड्यूटी निभाना मंहगा पड़ गया है। बताया जा रहा है कि वनकर्मियों ने नियमों के तहत यूपी के एक आईपीएस और उनके कुछ साथियों को रात में जंगल के अंदर जाने से रोका था। जिस कारण शासन ने उन्हें निलंबित कर दिया है। शासन की इस कार्रवाई पर सवालियां निशान खड़े हो रहे है।
मीडिया रिपोर्टस के अनुसार शुक्रवार रात गोहरी रेंज में वन विभाग के बैरियर पर एक वन दरोगा और फॉरेस्ट गार्ड अपनी ड्यूटी कर रहे थे। इसी दौरान वहां यूपी नंबर की एक कार आयी और उसमें बैठे पर्यटकों ने अंदर जाने की जिद की। उनका कहना था कि वहां से अंदर जाकर उनकी जमीन है, लेकिन वनकर्मियों ने रात में जंगल में अंदर जाने की इजाजत नही दी। इस पर गाड़ी में सवार एक व्यक्ति खुद को यूपी का आईपीएस बताकर उन पर रौब दिखाने लगा। बाद में पर्यटकों की ओर से पुलिस और पार्क निदेशक से मामले की शिकायत की गई। इसमें वनकर्मियों पर बदसलूकी का आरोप लगाया गया।
शिकायत पर कार्रवाई करते हुए निदेशक ने वन दरोगा और फॉरेस्ट गार्ड को सस्पेंड कर दिया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वन दरोगा और फॉरेस्ट गार्ड के निलंबन से कर्मचारियों में रोश है। तो वहीं निदेशक का कहा कि पार्क में रात में एंट्री वर्जित है, लेकिन वनकर्मियों को भी संयम बरतना चाहिए था। मामले की जांच की जाएगी। अगर वनकर्मी सही पाए गए तो निलंबन वापस होगा। किसी कर्मचारी का अहित नहीं होने दिया जाएगा।
देहरादून: उत्तराखंड में नौकरशाही में बड़े बदलाव की खबरों के बीच रविवार को एक मुलाकात ने ब्यूरोक्रेसी में हड़कंप मचा दिया है। ये मुलाकात कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल और राज्य के दो बड़े सीनियर अधिकारियों के बीच उनके आवास पर हुई है। मीडिया रिपोर्टस के अनुसार पूर्व मुख्य सचिव ओमप्रकाश और प्रमुख वन संरक्षक राजीव भरतरी आज सुबोध उनियाल से मिलने उनके आवास पर पहुंचे। मंत्री और अधिकारियों के बीच हुई इस मुलाकात से राजनीति और नौकरशाही दोनों में भूचाल ला दिया है।
बता दें कि पूर्व मुख्य सचिव ओमप्रकाश और प्रमुख वन संरक्षक राजीव भरतरी प्रदेश के सबसे बड़े पदों पर रह चुके हैं। ये दोनों ही अधिकारी अपने पदों से सरकार की तरफ से हटाए गए थे। वैसे तो इसे सामान्य मुलाकात कहां जा रहा है, लेकिन नई सरकार के गठन के साथ ही नई जिम्मेदारियों को लेकर सरकार की तरफ से नए लोगों की तलाश की संभावनाओं के बीच सुबोध उनियाल से इन नौकरशाहों की मुलाकात खासी अहम भी मानी जा रही है।
गौरतलब है कि मुख्य सचिव ओमप्रकाश त्रिवेंद्र सिंह रावत के मुख्यमंत्री रहते सबसे ताकतवर नौकरशाह रहे है। उनको पिछली भाजपा सरकार में ही पद से हटाया गया था और उन्हें राजस्व परिषद के अध्यक्ष के साथ दिल्ली में स्थानीय आयुक्त की जिम्मेदारी दी गई थी। तो वहीं अधिकारी आईएफएस ऑफिसर राजीव भरतरी है, जिन्हें पिछली भाजपा सरकार में कार्यकाल पूरा होने से पहले ही हटा दिया गया था। उन्होंने इसके विरोध में कोर्ट का भी दरवाजा खटखटाया है। अब दोनों की मुलाकात का क्या निष्कर्ष निकलता है ये वक्त ही बताएगा।
देहरादून: उत्तराखंड में नौकरशाही में बड़े बदलाव की खबरों के बीच रविवार को एक मुलाकात ने ब्यूरोक्रेसी में हड़कंप मचा दिया है। ये मुलाकात कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल और राज्य के दो बड़े सीनियर अधिकारियों के बीच उनके आवास पर हुई है। मीडिया रिपोर्टस के अनुसार पूर्व मुख्य सचिव ओमप्रकाश और प्रमुख वन संरक्षक राजीव भरतरी आज सुबोध उनियाल से मिलने उनके आवास पर पहुंचे। मंत्री और अधिकारियों के बीच हुई इस मुलाकात से राजनीति और नौकरशाही दोनों में भूचाल ला दिया है।
बता दें कि पूर्व मुख्य सचिव ओमप्रकाश और प्रमुख वन संरक्षक राजीव भरतरी प्रदेश के सबसे बड़े पदों पर रह चुके हैं। ये दोनों ही अधिकारी अपने पदों से सरकार की तरफ से हटाए गए थे। वैसे तो इसे सामान्य मुलाकात कहां जा रहा है, लेकिन नई सरकार के गठन के साथ ही नई जिम्मेदारियों को लेकर सरकार की तरफ से नए लोगों की तलाश की संभावनाओं के बीच सुबोध उनियाल से इन नौकरशाहों की मुलाकात खासी अहम भी मानी जा रही है।
गौरतलब है कि मुख्य सचिव ओमप्रकाश त्रिवेंद्र सिंह रावत के मुख्यमंत्री रहते सबसे ताकतवर नौकरशाह रहे है। उनको पिछली भाजपा सरकार में ही पद से हटाया गया था और उन्हें राजस्व परिषद के अध्यक्ष के साथ दिल्ली में स्थानीय आयुक्त की जिम्मेदारी दी गई थी। तो वहीं अधिकारी आईएफएस ऑफिसर राजीव भरतरी है, जिन्हें पिछली भाजपा सरकार में कार्यकाल पूरा होने से पहले ही हटा दिया गया था। उन्होंने इसके विरोध में कोर्ट का भी दरवाजा खटखटाया है। अब दोनों की मुलाकात का क्या निष्कर्ष निकलता है ये वक्त ही बताएगा।
देहरादूनः तेज रफ्तार का कहर जिंदगियां लील रहा है। राजधानी देहरादून से सटे सेलाकुई से दर्दनाक हादसे की खबर आ रही है। यहां बाईक और कार में आमने-सामने की भीषण भिंड़त हो गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि दो वाहनों में आग लग गई। हादसे में बाइक सवार दो बीबीए के छात्र गंभीर रूप से घायल हो गए है। इलाज के दौरान एक छात्र की मौत हो गई है। जबकि दूसरे की हालत नाजुक बनी हुई है।
मीडिया रिपोर्टस के अनुसार बीती देर रात सेलाकुई बाजार में पेट्रोल पंप के पास एक तेज रफ्तार कार ने बाइक सवार दो छात्रों को जोरदार टक्कर मार दी थी। हादसे में डीबीएस कॉलेज सेलाकुई में बीबीए द्वितीय ईयर के दो छात्र गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को पुलिस ने तत्काल निजी वाहन से नजदीकी अस्पताल में भर्ती किया, स्थिति गंभीर होने के कारण दोनों छात्रों को सुभारती अस्पताल झाझरा ले जाया गया, जहां एक छात्र की मौत हो गई और दूसरे छात्र को डॉक्टरों ने सिनर्जी अस्पताल रेफर कर दिया।
बताया जा रहा है कि टक्कर लगने के कारण बाइक में आग लग गई थी। जिस कारण बाइक और कार दोनों जल गए। मौके पर फायर सर्विस को बुलाकर आग बुझा दी गई। वहीं पुलिस ने घायलों को अस्पताल पहुंचाया था। जहां एक छात्र ने दम तोड़ दिया है। मृतक की पहचान संजय श्रीवास्तव पुत्र शेखर श्रीवास्तव निवासी कोंडा छत्तीसगढ़ के रूप में हुई है। जबकि प्रियांशु जायसवाल पुत्र मनोज जायसवाल निवासी वैकुंड पुर छत्तीसगढ़ की हालत नाजुक बनी हुई है।
देहरादूनः तेज रफ्तार का कहर जिंदगियां लील रहा है। राजधानी देहरादून से सटे सेलाकुई से दर्दनाक हादसे की खबर आ रही है। यहां बाईक और कार में आमने-सामने की भीषण भिंड़त हो गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि दो वाहनों में आग लग गई। हादसे में बाइक सवार दो बीबीए के छात्र गंभीर रूप से घायल हो गए है। इलाज के दौरान एक छात्र की मौत हो गई है। जबकि दूसरे की हालत नाजुक बनी हुई है।
मीडिया रिपोर्टस के अनुसार बीती देर रात सेलाकुई बाजार में पेट्रोल पंप के पास एक तेज रफ्तार कार ने बाइक सवार दो छात्रों को जोरदार टक्कर मार दी थी। हादसे में डीबीएस कॉलेज सेलाकुई में बीबीए द्वितीय ईयर के दो छात्र गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को पुलिस ने तत्काल निजी वाहन से नजदीकी अस्पताल में भर्ती किया, स्थिति गंभीर होने के कारण दोनों छात्रों को सुभारती अस्पताल झाझरा ले जाया गया, जहां एक छात्र की मौत हो गई और दूसरे छात्र को डॉक्टरों ने सिनर्जी अस्पताल रेफर कर दिया।
बताया जा रहा है कि टक्कर लगने के कारण बाइक में आग लग गई थी। जिस कारण बाइक और कार दोनों जल गए। मौके पर फायर सर्विस को बुलाकर आग बुझा दी गई। वहीं पुलिस ने घायलों को अस्पताल पहुंचाया था। जहां एक छात्र ने दम तोड़ दिया है। मृतक की पहचान संजय श्रीवास्तव पुत्र शेखर श्रीवास्तव निवासी कोंडा छत्तीसगढ़ के रूप में हुई है। जबकि प्रियांशु जायसवाल पुत्र मनोज जायसवाल निवासी वैकुंड पुर छत्तीसगढ़ की हालत नाजुक बनी हुई है।