एशिया कप 2025 के समापन के ठीक एक दिन बाद महिला क्रिकेट में इतिहास रचने जा रहा है। 30 सितंबर से भारत में आईसीसी महिला वनडे वर्ल्ड कप का आगाज होगा। यह टूर्नामेंट 13वां एडिशन है और खास इसलिए है क्योंकि इस बार प्राइज मनी में अब तक की सबसे बड़ी बढ़ोतरी की गई है। इतना ही नहीं, महिला वर्ल्ड कप की प्राइज मनी अब पुरुषों के वर्ल्ड कप और आईपीएल से भी ज्यादा हो गई है।
प्राइज मनी में 300% इजाफा
आईसीसी ने घोषणा की है कि इस बार महिला वनडे वर्ल्ड कप की कुल प्राइज मनी 13.88 मिलियन डॉलर (करीब 123 करोड़ रुपये) होगी। यह पिछले वर्ल्ड कप की तुलना में लगभग 300 प्रतिशत ज्यादा है। चैंपियन बनने वाली टीम को 4.48 मिलियन डॉलर यानी लगभग 40 करोड़ रुपये मिलेंगे, जबकि फाइनल में रनरअप टीम को भी करीब 20 करोड़ रुपये दिए जाएंगे।
सेमीफाइनल और लीग स्टेज टीमों को भी फायदा
इस बार सिर्फ विजेता ही नहीं, बल्कि सभी टीमों को प्राइज मनी मिलेगी. सेमीफाइनल तक पहुंचने वाली चारों टीमों को 10-10 करोड़ रुपये दिए जाएंगे। वहीं जो टीमें ग्रुप स्टेज में कोई भी मैच नहीं जीत पातीं, उन्हें भी कम से कम 2.5 करोड़ रुपये मिलेंगे. इससे साफ है कि इस बार कोई भी टीम इस टूर्नामेंट से खाली हाथ नहीं लौटेगी।
34 दिन, 31 मैच, 8 टीमें
महिला वर्ल्ड कप 2025 में कुल 8 टीमें हिस्सा लेंगी। टूर्नामेंट 34 दिनों तक चलेगा और इसमें 31 मैच खेले जाएंगे। फाइनल मुकाबला 2 नवंबर को होगा। ज्यादातर मैच भारतीय समयानुसार दोपहर 3 बजे से खेले जाएंगे। भारत और श्रीलंका इस टूर्नामेंट की मेजबानी कर रहे हैं।
कौन-कौन सी टीमें होंगी शामिल?
भारत ने मेजबान होने के नाते सीधे क्वालीफाई किया है। इसके अलावा ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड, श्रीलंका और दक्षिण अफ्रीका ने महिला चैंपियनशिप रैंकिंग के आधार पर जगह बनाई है। पाकिस्तान और बांग्लादेश ने लाहौर में हुए क्वालीफायर टूर्नामेंट के जरिए वर्ल्ड कप का टिकट हासिल किया।
एशिया कप 2025 के समापन के ठीक एक दिन बाद महिला क्रिकेट में इतिहास रचने जा रहा है। 30 सितंबर से भारत में आईसीसी महिला वनडे वर्ल्ड कप का आगाज होगा। यह टूर्नामेंट 13वां एडिशन है और खास इसलिए है क्योंकि इस बार प्राइज मनी में अब तक की सबसे बड़ी बढ़ोतरी की गई है। इतना ही नहीं, महिला वर्ल्ड कप की प्राइज मनी अब पुरुषों के वर्ल्ड कप और आईपीएल से भी ज्यादा हो गई है।
प्राइज मनी में 300% इजाफा
आईसीसी ने घोषणा की है कि इस बार महिला वनडे वर्ल्ड कप की कुल प्राइज मनी 13.88 मिलियन डॉलर (करीब 123 करोड़ रुपये) होगी। यह पिछले वर्ल्ड कप की तुलना में लगभग 300 प्रतिशत ज्यादा है। चैंपियन बनने वाली टीम को 4.48 मिलियन डॉलर यानी लगभग 40 करोड़ रुपये मिलेंगे, जबकि फाइनल में रनरअप टीम को भी करीब 20 करोड़ रुपये दिए जाएंगे।
सेमीफाइनल और लीग स्टेज टीमों को भी फायदा
इस बार सिर्फ विजेता ही नहीं, बल्कि सभी टीमों को प्राइज मनी मिलेगी. सेमीफाइनल तक पहुंचने वाली चारों टीमों को 10-10 करोड़ रुपये दिए जाएंगे। वहीं जो टीमें ग्रुप स्टेज में कोई भी मैच नहीं जीत पातीं, उन्हें भी कम से कम 2.5 करोड़ रुपये मिलेंगे. इससे साफ है कि इस बार कोई भी टीम इस टूर्नामेंट से खाली हाथ नहीं लौटेगी।
34 दिन, 31 मैच, 8 टीमें
महिला वर्ल्ड कप 2025 में कुल 8 टीमें हिस्सा लेंगी। टूर्नामेंट 34 दिनों तक चलेगा और इसमें 31 मैच खेले जाएंगे। फाइनल मुकाबला 2 नवंबर को होगा। ज्यादातर मैच भारतीय समयानुसार दोपहर 3 बजे से खेले जाएंगे। भारत और श्रीलंका इस टूर्नामेंट की मेजबानी कर रहे हैं।
कौन-कौन सी टीमें होंगी शामिल?
भारत ने मेजबान होने के नाते सीधे क्वालीफाई किया है। इसके अलावा ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड, न्यूजीलैंड, श्रीलंका और दक्षिण अफ्रीका ने महिला चैंपियनशिप रैंकिंग के आधार पर जगह बनाई है। पाकिस्तान और बांग्लादेश ने लाहौर में हुए क्वालीफायर टूर्नामेंट के जरिए वर्ल्ड कप का टिकट हासिल किया।
बरसात का मौसम ख़त्म होते ही राजधानी में एक अहम चर्चा हुई। क्लाइमेट ट्रेंड्स और आईआईटी दिल्ली ने मिलकर एक वर्कशॉप का आयोजन किया, जहाँ पहली बार ऐसा टूल लॉन्च हुआ जो हवा की गुणवत्ता और जनता की सेहत के बीच सीधा रिश्ता सामने रखता है। इसका नाम है हेल्थ बेनिफिट असेसमेंट डैशबोर्ड।
यह डैशबोर्ड पाँचवीं नेशनल फैमिली हेल्थ सर्वे (NFHS-5) के आँकड़ों पर आधारित है और पूरे देश के 641 ज़िलों का नक्शा सामने रखता है। इसमें दिखाया गया है कि बारीक धूलकण यानी PM2.5 प्रदूषण किस तरह महिलाओं और बच्चों में गंभीर बीमारियाँ बढ़ाता है—चाहे वह हाइपरटेंशन और दिल की बीमारी हो, सीओपीडी जैसी सांस की दिक़्क़तें हों या फिर महिलाओं और बच्चों में खून की कमी और कम वज़न वाले नवजात।
डैशबोर्ड का सबसे बड़ा संदेश साफ़ है: अगर नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम (NCAP) के तहत 2024 तक तय किया गया 30% प्रदूषण घटाने का लक्ष्य पूरा हो जाए तो देशभर में बीमारियों का बोझ लगभग एक-तिहाई कम हो सकता है।
आज भारत में NFHS-5 के हिसाब से कुल बीमारियों का बोझ 4.87% है। लेकिन अगर NCAP का लक्ष्य हासिल होता है तो यह घटकर 3.09% रह जाएगा। औसतन भारत की हवा में अभी PM2.5 का स्तर 43.23 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर है, जबकि लक्ष्य है इसे घटाकर 32.98 पर लाना।
सबसे बड़ा फ़ायदा उन इलाकों को होगा जहाँ आबादी ज़्यादा और प्रदूषण गहरा है-जैसे उत्तर भारत और पूर्वी राज्यों की घनी बसावट वाली पट्टियाँ। उदाहरण के तौर पर 15 से 49 साल की महिलाओं में डायबिटीज़ की दर इस समय 1.7% है, लेकिन प्रदूषण घटने पर यह 1.4% तक आ सकती है। वहीं छोटे बच्चों में लो बर्थ वेट और रेस्पिरेटरी इन्फेक्शन जैसी बीमारियों में सबसे तेज़ गिरावट देखने को मिलेगी, ख़ासकर गंगा के मैदान और पूर्वी भारत में।
यह डैशबोर्ड अब सार्वजनिक है और कोई भी व्यक्ति इसे देख सकता है।
क्लाइमेट ट्रेंड्स की डायरेक्टर आरती खोसला ने कहा,
“नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम उस वक्त एक साहसिक कदम था, जब इसे शुरू किया गया। इसमें सिर्फ़ PM10 ही नहीं बल्कि और भी खतरनाक PM2.5 को टारगेट करना असली स्वास्थ्य लाभों को सामने लाता है। अब ज़रूरी है कि इस प्रोग्राम को और मज़बूत किया जाए, ताकि ऊर्जा, उद्योग, परिवहन और निर्माण जैसे बड़े प्रदूषणकारी क्षेत्रों पर कड़ा एक्शन लिया जा सके। सर्दियों में उत्तर भारत फिर से जहरीली हवा से ढक जाएगा और लंबे समय तक ऐसे कण और मेटल्स शरीर पर भारी स्वास्थ्य लागत छोड़ते हैं।”
डैशबोर्ड को आईआईटी दिल्ली के SAANS सैटेलाइट डाटा और 2011 की जनगणना के ज़िला स्तर के नक्शों के आधार पर तैयार किया गया है। इसमें प्रदूषण घटने की स्थिति को मॉडल कर दिखाया गया है कि साफ़ हवा कैसी सेहत दे सकती है।
भारत में त्योहारी सीजन की शुरुआत हो गई है और इस मौके पर केंद्र सरकार ने अपने कर्मचारियों को एक बड़ी सौगात दी है. वित्त मंत्रालय ने सोमवार को आदेश जारी किया है।
आदेश के अनुसार, केंद्र सरकार अपने ग्रुप C और गैर-राजपत्रित ग्रुप B कर्मचारियों को 30 दिनों के वेतन के बराबर का नॉन-प्रोडक्टिविटी लिंक्ड (एड-हॉक) बोनस देगी। वित्त मंत्रालय के अनुसार वित्त वर्ष 2024-25 में कर्मचारियों को 6,908 रुपए का बोनस मिलेगा. इस आदेश से केंद्रीय कर्मचारियों में खुशी की लहर दौड़ गई है और वे उत्साहित हैं कि उनका बोनस कितना आएगा।
सरकार ने बताया कि ऐसे कर्मचारी, जो 31 मार्च 2025 तक सेवा में रहे हैं और जिन्होंने कम से कम 6 महीने लगातार काम किया है, उन्हें यह बोनस मिलेगा। केंद्रीय अर्द्धसैनिक बलों और सशस्त्र बलों के सभी कर्मचारियों को भी बोनस की राशि मिलेगी। इसके अलावा, केंद्र शासित प्रदेशों के ऐसे कर्मचारी, जो केंद्र सरकार के वेतन ढांचे के अनुसार वेतन पाते हैं, उन्हें भी बोनस मिलेगा।
सरकार के आदेश के अनुसार, एड-हॉक बोनस की कैलकुलेशन के लिए मासिक सैलरी की मैक्सिमम लिमिट 7,000 रुपए तय की गई है। बोनस इस आधार पर कैलकुलेट होगा कि कर्मचारी की एवरेज सैलरी या मैक्सिमम लिमिट में से जो कम होगी, उसे 30 दिनों के वेतन के अनुसार बोनस में बदला जाएगा।
उत्तराखंड में खराब मौसम का असर केदारनाथ धाम यात्रा पर भी पड़ा है, पिछले साल की अपेक्षा इस साल लगभग 3 लाख कम श्रद्धालु बाबा के दर्शन को पहुंचे हैं। केदारनाथ धाम में अभी तक 15 लाख 85,000 से ज्यादा भक्त दर्शन कर चुके हैं।
यात्रा में रह गया है कम समय-
जानकारी के अनुसार, हर रोज औसतन 4,000 के आसपास भक्त दर्शन करने के लिए केदारनाथ धाम पहुंच रहे हैं। हालांकि, पिछले साल की तुलना में यात्रियों की संख्या में कमी आई है। इस बार 23 अक्टूबर को भैया दूज के पर्व पर धाम के कपाट बंद होने हैं।
बता दें कि केदारनाथ धाम के कपाट दिवाली के दो दिन बाद भैया दूज के पावन पर्व पर 23 अक्टूबर को बंद होंगे। पिछले साल की यात्रा की तुलना में इस बार कपाट पहले बंद हो रहे हैं, जबकि पिछले साल की तुलना में यात्री भी कम पहुंचे हैं। इसके कई कारण हैं, पहला कारण रहा प्रदेश में भारी बारिश, हिंदुस्तान-पाकिस्तान युद्ध, लगातार सड़कों का टूटना। ऐसे कई कारण हैं जिस कारण इस बार यात्रियों की संख्या में भारी कमी देखने को मिली।
पिछले साल पूरे सीजन के दौरान लगभग 19 लाख के आसपास भक्तों ने बाबा केदार के दर्शन किए थे, जबकि अभी तक इस साल 15 लाख 85,000 के आसपास भक्त केदारनाथ धाम के दर्शन करने पहुंचे हैं। इन आंकड़ों को देखते हुए अंदाजा लगाया जा सकता है कि पिछले साल का रिकॉर्ड नहीं टूट पाया है।
देहरादून: भारत के सबसे लोकप्रिय फैशन और लाइफस्टाइल रिटेल ब्रांड पैंटालून्स (आदित्य बिड़ला फैशन एंड रिटेल लिमिटेड – ABFRL का हिस्सा) ने अपना नया फेस्टिव एडिट कलेक्शन लॉन्च किया।
बॉलीवुड स्टाइल आइकन रिया कपूर द्वारा क्यूरेट यह कलेक्शन हर अवसर और त्योहार के लिए वर्सेटाइल और फैशन-फॉरवर्ड लुक्स पेश करता है।
यह लॉन्च पैंटालून्स के नए री-डिज़ाइन किए गए स्टोर – आर सिटी मॉल, घाटकोपर में हुआ, जो ब्रांड की नई रिटेल पहचान को दर्शाता है। यह स्टोर एक फैशन-फर्स्ट और वाइब्रेंट डेस्टिनेशन है, जो ग्राहकों के लिए शॉपिंग अनुभव को और मजेदार बनाता है। लॉन्च के मौके पर रिया कपूर ने एक एक्सक्लूसिव स्टाइलिंग मास्टरक्लास भी आयोजित की।
रिया कपूर का स्टाइलिंग सेशन – लॉन्च का मुख्य आकर्षण रहा। लॉन्च के दौरान रिया कपूर ने पैंटालून्स कलेक्शन से मिक्स-एंड-मैच कर स्टाइलिश और प्रैक्टिकल लुक्स बनाने के टिप्स दिए। अपने बोल्ड और यूनिक फैशन सेंस के लिए मशहूर रिया ने शॉपर्स को दिखाया कि कैसे कोई भी आसानी से अलग-अलग अवसरों के लिए सही लुक तैयार कर सकता है— चाहे वह ऑफिस के लिए चीक वर्कवियर हो, त्योहारों के लिए एथनिक स्टाइल हो या कैजुअल आउटिंग।
फेस्टिव एडिट कलेक्शन – हर मूड के लिए स्टाइल शामिल हैं। पैंटालून्स का यह कलेक्शन मॉडर्न और ट्रेडिशनल दोनों स्टाइल्स को मिलाकर तैयार किया गया है। इसमें ज्वेल टोन कलर्स, लक्ज़री टेक्सचर्स, मॉडर्न सिल्हूट्स और मज़ेदार लेयरिंग ऑप्शंस शामिल हैं, जो फैमिली गैदरिंग, फेस्टिव पार्टी या डेली फैशन – हर मौके के लिए परफेक्ट हैं।
स्टोर लॉन्च पर पैंटालून्स और OWND! की CEO संगीता तनवानी ने कहा, “आर सिटी मॉल स्टोर का रीलॉन्च हमारे ग्राहकों को एक नया और एडवांस शॉपिंग अनुभव देता है, जो पैंटालून्स की फैशन-फर्स्ट फिलॉसफी को दर्शाता है। स्टोर की मॉडर्न और एनर्जेटिक डिजाइन ग्राहकों को फैशन एक्सप्लोर करने और स्टाइल में एक्सपेरिमेंट करने के लिए प्रेरित करती है। रिया कपूर का स्टाइल इस ऊर्जा को और मजबूत करता है और हमारे ग्राहकों को खुद को आत्मविश्वास के साथ व्यक्त करने के लिए प्रेरित करता है।”
रिया कपूर ने कहा, “पैंटालून्स के नए और फैशन-फॉरवर्ड कलेक्शन से मुझे बेहद प्रेरणा मिली। यह वर्सेटाइल और ट्रेंडी कलेक्शन हर मौके और मूड के लिए परफेक्ट है। आर सिटी मॉल का नया स्टोर अनुभव भी उतना ही आकर्षक है—ब्राइट, मॉडर्न और वेलकमिंग। मैं हमेशा मानती हूं कि स्टाइल खुद को एक्सप्रेस करने का तरीका है, और पैंटालून्स की नई पहचान इसे खूबसूरती से सेलिब्रेट करती है। अपने पसंदीदा फेस्टिव लुक्स क्यूरेट करना और शॉपर्स को नए एक्सपेरिमेंट के लिए प्रेरित करना मेरे लिए बेहद खुशी की बात थी।”
लगभग 30,000 वर्ग फुट में फैला पैंटालून्स का नया स्टोर पूरी तरह से एक फैशन डेस्टिनेशन के रूप में डिजाइन किया गया है। इसके ऑल-व्हाइट और कंटेम्पररी इंटीरियर्स ब्रांड की विविध कलेक्शंस को
एक्सप्लोर करने के लिए एक ताजगी भरा मंच पेश करते हैं, जिससे फैशन की खोज आसान और आनंददायक बन जाती है। यह नया रूप पैंटालून्स की उस प्रतिबद्धता को दर्शाता है, जिसमें वह ग्राहकों के लिए एक सहज, एक्सप्रेसिव और आकर्षक शॉपिंग अनुभव तैयार करता है—एक ऐसी जगह जहां ट्रेंड्स, पर्सनल स्टाइल और फैशन डिस्कवरी का संगम होता है।
मुंबई के सबसे आसानी से पहुंचने योग्य क्षेत्रों में स्थित, यह नया स्टोर फैशन और स्टाइल का हब बन गया है। यहां 20 से अधिक फैशन ब्रांड्स की पूरी रेंज मौजूद है, जिनमें पैंटालून्स के लोकप्रिय इन-हाउस लेबल्स जैसे रंगमंच, हनी, पेरग्रिन, पीपल, SF जीन्स को., 7 Alt और इंडस रूट शामिल हैं। साथ ही खासकर चुने गए पार्टनर ब्रांड्स भी यहां उपलब्ध हैं।
ग्राहक यहां एक ही छत के नीचे कपड़ों और एथनिक वियर से लेकर एक्सेसरीज, कलर कॉस्मेटिक्स और फ्रेग्रेंस तक हर ज़रूरत पूरी कर सकते हैं—इसे वास्तव में एक वन-स्टॉप डेस्टिनेशन बना देता है।
भारत में 27 साल से ज्यादा समय से फैशन की यात्रा को दिशा दे रहा पैंटालून्स अब इस रीलॉन्च के साथ अपने अगले अध्याय की शुरुआत कर रहा है। आर सिटी मॉल का नया स्टोर ब्रांड की फैशन-फॉरवर्ड, मॉडर्न और पूरी तरह ग्राहक-केंद्रित पहचान को दर्शाता है और आने वाले समय के लिए भारतीय रिटेल अनुभव का नया मानक तय करता है।
नई फेस्टिव एडिट कलेक्शन देहरादून के पैंटालून्स स्टोर्स पर उपलब्ध है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दुर्गा अष्टमी एवं नवमी की प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दी है। अपने बधाई संदेश में मुख्यमंत्री ने कहा कि दुर्गा अष्टमी एवं नवमी शक्ति की उपासना का पर्व है। जो मातृ शक्ति के रूप में इस जगत में व्याप्त है। यह पर्व महिला सशक्तिकरण के प्रति भी हमारा ध्यान आकर्षित करता है।
चमोली गढ़वाल: भू धसाव आपदा प्रभावित जोशीमठ नगर मे सुरक्षात्मक कार्यों की शुरुवात हुई है, मारवाड़ी से विष्णुप्रयाग तक 613मीटर सुरक्षा दीवाल निर्माण कार्य शुरू करने से पूर्व भूमि पूजन किया गया।
जोशीमठ भू धसाव आपदा जनवरी 2023के बाद से ही जोशीमठ मे सुरक्षात्मक कार्यों को शीघ्र शुरू कराने की मांग की जा रही थी, अब ढाई वर्षों के सुरक्षात्मक कार्य शुरू हो सके हैं।
जोशीमठ को भू धसाव से बचाने के लिए जोशीमठ नगर की तलहटी पर मारवाड़ी से ऐरा पुल तक सुरक्षा दीवाल की मांग वर्षों से की जा रही थी जो अब जाके पूरी हो सकी है, रविवार को पंडित चंडी प्रसाद सेमवाल ने विधि विधान से भूमि पूजन संपन्न कराया।
इस मौके पर सिंचाई विभाग के ईई अरविन्द नेगी, एई मनोज असवाल, जेई संजय पुरोहित व अनिल कुमार के साथ ही कार्यदायी संस्था अरुण कंस्ट्रक्शन कंपनी इंजीनियर व साइड इंचार्ज मौजूद रहे।
सहायक अभियंता मनोज असवाल ने बताया कि प्रथम चरण मे 613.48मीटर दीवाल एवं स्लाइड ट्रीटमेंट का कार्य किया जाना है जिसके लिए रूपये एक सौ करोड़ का बजट आवंटित हुआ है, तथा द्वितीय चरण मे सुरक्षा दीवाल का विस्तार भी किया जाना प्रस्तावित है।
टिहरी गढ़वाल: बादशाहीथौल (बंगाचली मैदान), चम्बा में आयोजित होने वाले ‘चम्बा महोत्सव पर्यटक मेला – 2025’ के द्वितीय संस्करण को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं।
आज सोमवार को जनपद टिहरी के जिला कलेक्ट्रेट में मेला समिति के अध्यक्ष सुशील सिंह रावत, सचिव पवनेश कुमार एवं समस्त समिति सदस्यों द्वारा जिलाधिकारी टिहरी गढ़वाल को औपचारिक निवेदन प्रस्तुत किया गया।
मेले का आयोजन 27 अक्टूबर 2025 से 10 नवम्बर 2025 तक किया जाएगा, जिसमें विशेष रूप से सांस्कृतिक कार्यक्रम 03 नवम्बर से 09 नवम्बर 2025 तक आयोजित होंगे। इस महोत्सव का उद्देश्य क्षेत्रीय संस्कृति, कला, लोकनृत्य एवं स्थानीय उत्पादों को प्रोत्साहन देना है, जिससे पर्यटन को बढ़ावा मिले एवं स्थानीय कारीगरों व कलाकारों को मंच प्राप्त हो।
जिलाधिकारी ने आयोजन समिति से विस्तृत रूपरेखा प्रस्तुत करने और मेले की सफलता के लिए आवश्यक समन्वय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
देहरादून : जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देशों पर सोमवार को ऋषिपर्णा सभागार में अपर जिलाधिकारी (प्रशा) जय भारत सिंह की अध्यक्षता में जनता दर्शन कार्यक्रम में जन समस्याएं सुनी गई। दूर दराज से पंहुचे लोगों ने निजी भूमि पर कब्जा, भूमि विवाद, घरेलू हिंसा, सिंचाई गूल, बाढ सुरक्षा, बिजली का बिल माफी, आर्थिक सहायता, दैवीय आपदा में क्षति, मुआवजा आदि से जु़ड़ी 101 शिकायतें रखी। जिनमें से अधिकतर शिकायतों का मौके पर ही समाधान किया गया।
नेशविला रोड निवासी एक महिला ने बिजली का बिल माफी और बिजली का कनेक्शन लगाने की गुहार लगाई। अपनी व्यथा सुनाते हुए कहा साहब पति नशे का आदी है। घर चलाने व बच्चों की पढ़ाई के लिए खर्चा नही देता। बिल जमा न करने पर बिजली कनेक्शन काट दिया है। लोगों के घरों में काम करके किसी तरह बच्चों को पढ़ाती हूॅ लेकिन बिजली न होने से परेशानी हो रही है। जिस पर यूपीसीएल के अधिशासी अभियंता को जांच कर पीडित महिला को मदद पहुंचाने को कहा गया।
कारगी ग्रांट निवासी 70 वर्षीय बुजुर्ग, दिव्यांग चमन लाल ने भूमि अभिलेखों में नाम होने के बावजूद भी सहखातेदार द्वारा परेशान करने और भूमि पर स्वामित्व न दिए जाने की शिकायत पर एसडीएम को जांच के निर्देश दिए गए। गणेशपुर कारबारी में अवैध तरीके से प्लाटिंग कर सिंचाई नहर को बंद करने से कृषि भूमि की सिंचाई में आ रही समस्या पर तहसीलदार को तत्काल आख्या उपलब्ध कराने को कहा गया। डोईवाला तहसील में एक भूमि संबधी वाद का 2014 से निस्तारण न होने की शिकायत पर एसडीएम को तीन माह के भीतर वाद का प्राथमिकता पर निस्तारण करने के निर्देश दिए गए।
सरस्वती जागृति स्वयं सहायता समूह की महिलाओं ने उनकी आईडी का उपयोग कर बिना उनकी जानकारी के कॉपरेटिव बैंक से 5 लाख का ऋण लेने और उसको वापस न करने की शिकायत पर एआर कोऑपरेटिव को तत्काल जांच के निर्देश दिए गए। सर्व माइक्रोफाइनेंस इंडिया एसोसिएशन एवं दून समृद्धि निधि लि0 द्वारा षड्यंत्र कर सदस्यों का पैसा हड़पने की शिकायत पर सभी साक्ष्यों के साथ मजिस्ट्रेट कोर्ट में वाद दायर करने को कहा गया।
तपोवन एन्क्लेव निवासी 74 वर्षीय बुजुर्ग ने अपने बेटे पर भरण पोषण के लिए खर्च न दिए जाने और अपनी निजी भूमि का अंश विक्रय के लिए परेशान करने की शिकायत पर एसडीएम सदर को मामले की जांच कर समाधान करने के निर्देश दिए गए। हरबंस वाला निवासी वरिष्ठ नागरिक तिलक सिंह राणा ने बिना पानी का इस्तेमाल किए पानी का भारी भरकम बिल माफ करने के गुहार लगाई। बताया कि उन्होंने मकान बनाने के लिए कनेक्शन लिया था लेकिन अभी तक मकान नही बनाया और ना ही पानी का उपयोग किया है।
विकासनगर में घरों के बीच बने जिम्म के तेज साउंड से आस पास घरों के बुजुर्ग एवं बीमार लोगों को हो रही परेशानी की शिकायत पर एमडीडीए व सीओ पुलिस को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए। ग्राम पंचायत रामपुर कला में आम के हरे भरे पेड़ों का पातन कर अवैध तरीके से फैक्ट्री लगाने की शिकायत पर एसडीएम को तत्काल कार्रवाई करने को कहा गया। स्मार्ट सिटी के निर्माण कार्याे के दौरान हरिद्वार रोड पर सीवर लाइन क्षतिग्रस्त होने की शिकायत पर स्मार्ट सिटी को क्षतिग्रस्त लाइन ठीक कराने को कहा गया। ग्राम पंचायत गौहरीमाफी में बाढ़ सुरक्षा निर्माण कार्य कराने के लिए सिंचाई विभाग को प्रस्ताव तैयार करने को कहा गया। ग्राम पंचायत मिसराज पट्टी में निर्वतमान ग्राम प्रधान द्वारा अवैध रूप से मुख्य सड़क पर दीवार बनाने व रास्ता रोकने की शिकायत पर तहसीलदार को जांच को कहा गया। इस दौरान फरियादियों ने कैंट में भू-माफियाओं द्वारा कृषि भूमि को खुर्दबुर्द करने, अजबपुर में प्लाट का पूरा पैसा देने के बाद भी कब्जा न देने, भूमि का सीमांकन, रजिस्ट्री, अवैध कब्जा हटवाने से जुड़ी तमाम समस्याएं रखी गई।
जनता दरबार में अपर जिलाधिकारी(प्रशा) जय भारत सिंह, एसडीएम अपूर्वा सिंह, एसडीएम कुमकुम जोशी, जिला विकास अधिकारी सुनील कुमार, मुख्य शिक्षा अधिकारी वीके ढौंडियाल, जिला कार्यक्रम अधिकारी जीतेन्द्र कुमार, जिला प्रोबेशन अधिकारी मीना बिष्ट, तहसीलदार सतेन्द्र देव, तहसीलदार विवेक राजौरी सहित विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद थे।