एशिया कप 2025 के ऐतिहासिक मुकाबले में भारत के खिलाफ जब पाकिस्तान ने 5 विकेट के नुकसान पर 171 रनों का स्कोर खड़ा किया तो उसे लगा होगा कि उसकी टीम टक्कर दे सकती है, लेकिन यह तो सबसे बड़ी खुशफहमी ही साबित हुई।
टीम इंडिया के दो बचपन के यारों शुभमन गिल (47) और अभिषेक शर्मा (74) ने जो यारी दिखाई तो दुबई स्टेडियम से हजारों मील दूर बैठे टीवी पर मैच देख रहे दर्शक भी उस हीट वेव को महसूस कर रहे थे। भारतीय टीम ने पाकिस्तान को 18.5 ओवरों में 6 विकेट से हराते हुए बता दिया कि उसकी क्रिकेट भारत से कई सालों पीछे है।
कप्तान सूर्या खाता नहीं खोल सके और हारिस रऊफ की गेंद पर आउट हुए। तिलक वर्मा और संजू सैमसन ने मोर्चा संभाला। भारत जीत के करीब था तभी संजू को रऊफ ने क्लीन बोल्ड कर दिया। वह 17 गेंदों में 13 रन बनाकर आउट हुए। पाकिस्तान के लिए अबरार अहमद को 4 ओवर में 42 रन पड़े। वहीं, शाहीन को 3.5 ओवरों में 40 रन पड़े। भारत के लिए विनिंग शॉट तिलक वर्मा (19 गेंद, 2 चौके और 2 छक्के, नाबाद 30 रन) ने खेला। उन्होंने 19वें ओवर की 5वीं गेंद पर शाहीन अफरीदी को चौका जड़ा।
जीएसटी की नए दरें लागू होने से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जीएसटी रिफॉर्म के फायदे घर घर तक पहुंचाने की बीजेपी की मुहिम को तेज किया है। जब से जीएसटी की नई दरों का ऐलान हुआ है बीजेपी अलग अलग कार्यक्रम कर इसका प्रचार कर रही है।
हालांकि विपक्ष यह कह रहा है कि सरकार ने अपनी पुरानी गलती को सुधारा है और ऐसा बार बार विपक्ष के कहने के बाद हुआ है। लेकिन बीजेपी और एनडीए के दल जिस अग्रेसिव तरीके से जीएसटी सुधार को पीएम और सरकार का बड़ा जनहितकारी कदम बता रही हैं, उस तरह विपक्ष अपना कैंपेन नहीं चला सका है।
जल्द ही बिहार विधानसभा की तारीखों का भी ऐलान हो जाएगा ऐसे में जीएसटी रिफॉर्म के फायदे का जिक्र बीजेपी के हर नेता करेंगे। पीएम ने भी इसे बचत उत्सव बताया है और कहा है कि त्योहारों के मौसम में सबका मुंह मीठा होगा और देश के हर परिवार की खुशियां बढ़ेंगी।
पीएम ने देश के नाम संबोधन में विपक्ष के इन आरोपों को भी काउंटर करने की कोशिश की कि मोदी सरकार ने जीएसटी रिफॉर्म कर अपनी पुरानी गलती में ही सुधार किया है।
पीएम ने जीएसटी लागू होने से पहले के वक्त का जिक्र करते हुए कहा कि तब लोग और पूरा देश टैक्स के जाल में उलझा हुआ था। साथ ही कहा कि केंद्र और राज्यों के प्रयास का नतीजा था कि देश दर्जनों टैक्स के जाल से मुक्त हुआ। पीएम ने कहा कि रिफॉर्म लगातार चलने वाली प्रक्रिया है। पीएम ने जीएसटी दरों में हुए बदलाव के फायदे भी गिनाए। साथ ही उन्होंने बजट में दी गई इनकम टैक्स में छूट का भी जिक्र किया। पीएम ने अपनी स्पीच में गरीबों से लेकर नियोमिडिल क्लास और व्यापारी सबको एकसाथ लाने की कोशिश की। पीएम ने स्वदेशी पर भी जोर दिया।
हरिद्वार: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से आज डामकोठी, हरिद्वार में अखाड़ा परिषद के एक प्रतिनिधिमंडल ने शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर परिषद द्वारा हाल ही में उत्तराखण्ड में आई प्राकृतिक आपदा से प्रभावित क्षेत्रों के पुनर्निर्माण हेतु मुख्यमंत्री राहत कोष में ₹34 लाख की सहयोग राशि प्रदान की गई।
इतना ही नहीं, परिषद ने एक आपदा प्रभावित गांव को गोद लेने का भी noble संकल्प लिया, जिसे मुख्यमंत्री ने सेवा और संवेदना का अनुकरणीय उदाहरण बताया।
मुख्यमंत्री धामी ने अखाड़ा परिषद के इस प्रयास की हार्दिक सराहना करते हुए कहा “ *उत्तराखण्ड की सेवा परंपरा में साधु-संत समाज का योगदान सदैव अग्रणी रहा है। आपदा के इस कठिन समय में संत समाज का सहयोग न केवल पुनर्निर्माण में सहायक है, बल्कि यह प्रभावित लोगों के लिए आशा और संबल की किरण भी बनता है।”
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार आपदा प्रभावित क्षेत्रों में तेजी से पुनर्वास और पुनर्निर्माण कार्य कर रही है, और समाज के सभी वर्गों से मिल रहे सहयोग से कार्यों को और गति मिल रही है।
संत समाज ने मुख्यमंत्री के प्रयासों की सराहना की
अखाड़ा परिषद के संतों ने मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के ग्राउंड जीरो पर जाकर प्रभावितों से सीधे संवाद करने और राहत कार्यों की स्वयं निगरानी करने की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने प्रत्येक प्रभावित परिवार को भरोसा दिलाया है कि सरकार संकट की इस घड़ी में उनके साथ खड़ी है।
इस दौरान महानिर्वाणी अखाड़े के महंत रविंद्र पुरी महाराज, पंचायती नया अखाड़ा उदासीन अध्यक्ष महंत धुनी दास जी, महामंडलेश्वर हरिचेतनानंद , बाबा हठयोगी, महा मंडलेश्वर स्वामी रूपेंद्र प्रकाश एवं अन्य लोग मौजूद रहे।
देहरादून: जनपद के आपदा प्रभावित गांव फुलेत एवं छमरौली में डीएम सविन बंसल ने 12 कि. मी. पैदल पहुंचकर जाना आपदा पीड़ितों की व्यथा।
फुलेत और छमरौली में करीब 1500 की आबादी वाले दोनों गांव में माह सितंबर 2025 का खाद्यान्न नहीं पहुंचने पर जिलाधिकारी ने ग्रामीणों को वादा किया कि मुख्यालय पहुंचते ही खाद्यान्न भेजने का प्रबंध किया जाएगा।
डीएम ने ग्रामीणों के साथ की हुई वादा को बखूबी निभाया आज प्रातः ही अपर सिटी मजिस्ट्रेट के नेतृत्व में डीएम ने ग्रामीणों के साथ की गई वादा को पूरा किया।
डीएम के निर्देशन पर अपर सिटी मजिस्ट्रेट अपूर्वा सिंह ने हेली के माध्यम से फुलेत और चमरौली गांव के लिए खाद्यान्न पहुंचने का कार्य प्रारंभ किया।
जबकि फुलेत, छमरौली में तैनात स्पेशल तहसीलदार चमन सिंह खाद्यान्न को प्राप्त कर वितरण कर रहे हैं।
डीएम के आदेश पर स्पेशल तहसीलदार चमन सिंह जीरो ग्राउंड पर प्रभावितों को राहत पहुंचाने के कार्यों को युद्ध स्तर पर संपादित कर रहे हैं, वही अपर सिटी मजिस्ट्रेट अपूर्वा सिंह द्वारा जिलाधिकारी एवं तहसीलदार से समन्वय बना कर राहत कार्य को गति दे रहे हैं।
ऑस्ट्रेलिया ने तीसरे वनडे में भारत को 43 रनों से जीत लिया है। इसी के साथ ऑस्ट्रेलिया की महिला क्रिकेट टीम ने तीन वनडे मैचों की सीरीज 2-1 से जीत ली है। तीसरा वनडे दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में खेला गया, जिसमें कंगारू टीम ने पहले खेलते हुए 412 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया था। इसके जवाब में पूरी भारतीय टीम 369 के स्कोर पर ऑलआउट हो गई। भारत के लिए इस मैच में स्मृति मंधाना ने 125 रनों की शतकीय पारी खेली, लेकिन अपनी टीम की जीत सुनिश्चित नहीं कर पाईं।
413 रनों के लक्ष्य का पीछा करने आई टीम इंडिया की शुरुआत अच्छी नहीं रही क्योंकि सलामी बल्लेबाज प्रतिका रावल 10 रन बनाकर आउट हो गईं। स्मृति मंधाना ने एक छोर संभाला हुआ था, लेकिन दूसरे छोर से धड़ाधड़ विकेट गिर रहे थे। हरलीन देओल भी 11 रन बनाकर आउट हो गईं। कप्तान हरमनप्रीत कौर ने 52 रन बनाए और मंधाना के साथ 121 रनों की पार्टनरशिप की।
दीप्ति शर्मा ने 72 रन बनाए, लेकिन उनका विकेट गिरने के बाद ही कहीं ना कहीं टीम इंडिया की हार निश्चित हो चली थी। 9 नंबर की बल्लेबाज स्नेह राणा ने भी 35 रनों की पारी के दौरान भारतीय टीम की जीत की उम्मीद बनाए रखी, लेकिन अपनी टीम को जीत तक नहीं ले जा पाईं।
मैच में बने 781 रन, लगीं 111 बाउंड्री
भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया मैच में कुल 781 रन बने। दोनों टीमों ने कुल मिलाकर 99 चौके और 12 छक्के लगाए। यानी मैच में कुल 111 बाउंड्री लगीं। पहले ऑस्ट्रेलियाई टीम ने 60 चौके और 5 छक्के लगाए। उसके बाद टीम इंडिया ने भी ताबड़तोड़ बैटिंग करते हुए 39 चौके और 7 छक्के लगाए। इस तरह दोनों टीमों के बल्लेबाजों ने मिलकर 111 बाउंड्री लगाकर गदर मचाया।
इस मैच में स्मृति मंधाना पुरुष और महिला वनडे क्रिकेट में मिलाकर भारत के लिए सबसे तेज शतक लगाने वाली प्लेयर बन गई हैं। उन्होंने 50 गेंद में सेंचुरी पूरी कर विराट कोहली के 52 गेंदों में आए शतक का रिकॉर्ड तोड़ा। यह मंधाना के वनडे करियर का कुल 13वां शतक रहा।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को पूरा दिन जनसेवा में व्यतीत किया। इस दौरान वो ऊधमसिंह नगर से लेकर चमोली तक लोगों से मुलाकात करते हुए, उनकी समस्याओं का निराकरण करते नजर आए।
शनिवार सुबह नौ बजे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सबसे पहले खटीमा (ऊधमसिंहनगर) में आम लोगों से मुलाकात करते हुए अधिकारियों को जन समस्याओं के समाधान के निर्देश दिए। इसके बाद उन्होंने आपदा प्रभावित चमोली जिले के नंदानगर क्षेत्र का दौरा किया, जहां पीड़ितों से मिलकर उनके दुख दर्द को साझा किया, सीएम ने पीड़ितो को सहायता राशि प्रदान करने के साथ ही जीवन को फिर संवारने में सरकार की ओर से हर संभव सहायता का आश्वासन दिया।
इसके बाद उन्होंने जनपद रुद्रप्रयाग और चमोली के अन्य आपदा प्रभावित क्षेत्रों का हवाई निरीक्षण कर आपदा से हुए नुकसान का जायजा लेने के बाद रुद्रप्रयाग जिला मुख्यालय में अधिकारियों के साथ बैठक कर पुनर्निमाण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। यहां से लौटते समय सीएम ने श्रीनगर के पास धारी देवी के दर्शन करते हुए, प्रदेशवासियों की कुशलता के लिए प्रार्थना की। शाम को देहरादून लौटने पर मुख्यमंत्री धामी ने भाजपा नेताओं के साथ विभिन्न विषयों पर चर्चा की। साथ ही शासन को विभिन्न विषयों पर दिशा निर्देश दिए।
उत्तरकाशी: भटवाड़ी प्रखंड के टकनौर क्षेत्र में पिछले कुछ समय से भालुओं का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। आज प्रातः भटवाड़ी मुख्यालय के सालंग गाँव में यह आतंक और गहराया, जब गाँव के पूर्व प्रधान श्री बचेंद्र सिंह की पत्नी श्रीमती कैलाशी देवी उम्र 48 वर्ष, घास काटकर लौट रही थीं। अचानक भालू ने उन पर हमला कर दिया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गईं।
ग्रामीणों की तत्परता से उन्हें प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भटवाड़ी लाया गया, जहाँ प्रारंभिक उपचार के बाद बेहतर इलाज हेतु जिला अस्पताल उत्तरकाशी रेफर किया गया। वर्तमान में वरिष्ठ सर्जन डॉ. के.पी. सिंह के देखरेख में उनका इलाज जारी है और फिलहाल वे खतरे से बाहर बताई जा रही हैं।
घटना की सूचना पर गंगोत्री क्षेत्र के पूर्व विधायक विजयपाल सजवाण भी अस्पताल पहुँचे। उन्होंने डॉक्टरों से विस्तृत जानकारी लेने के बाद घायल महिला की स्थिति का जायजा लिया और परिजनों से मिलकर ढांढस बंधाया। इस अवसर पर मौके पर मौजूद वन क्षेत्राधिकारी टकनौर रेंज को उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिये कि ग्रामीणों को भालू के बढ़ते आतंक से राहत दिलाने के लिए ठोस कार्यवाही सुनिश्चित की जाए।
इस मौके पर पूर्व विधायक ने कहा कि वे शीघ्र ही माननीय वन मंत्री श्री सुबोध उनियाल से वार्ता करेंगे और मांग करेंगे कि वन विभाग लगातार गश्त कर क्षेत्र में सुरक्षा की ठोस व्यवस्था बनाए। उन्होंने आश्वस्त किया कि बढ़ती घटनाओं को देखते हुए भालुओं के आतंक पर नियंत्रण हेतु ठोस निर्णय लिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि सरकार भी इस दिशा में प्रयासरत है और यदि घटनाएँ लगातार बढ़ती हैं तो ऐसे भालुओं को आदमखोर घोषित कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
टिहरी गढ़वाल: आज शनिवार को जिला कार्यालय, टिहरी गढ़वाल के वीसी कक्ष में सचिव, आपदा प्रबन्धन विभाग, उत्तराखण्ड शासन की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई। बैठक वीसी के माध्यम से मानसून-2025 के दौरान विभागीय परिसम्पत्तियों को हुई क्षति की समीक्षा हेतु संपन्न हुई।
सचिव, आपदा प्रबंधन विभाग ने उपस्थित अधिकारियों को मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी का संदेश साझा करते हुए निर्देशित किया कि जनपद में हुई क्षति का विवरण निर्धारित फॉर्मेट में प्रस्तुत किया जाए। इसमें क्षति की धनराशि SDRF के अंतर्गत कवर एवं नॉट कवर श्रेणीवार स्पष्ट रूप से दर्शाने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी टिहरी गढ़वाल नितिका खण्डेलवाल ने सभी विभागीय अधिकारियों को सोमवार तक क्षति का पूर्ण विवरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। साथ ही परियोजना निदेशक पुष्पेंद्र चौहान को समस्त ब्लॉकों से आंकड़े संकलित कर जिला कार्यालय में उपलब्ध कराने को कहा।
इस मौके पर सीएमओ डॉ श्याम विजय, पीडी डीआरडीए पुष्पेंद्र चौहान सहित आपदा, पेयजल, जल संस्थान, सिंचाई, लघु सिंचाई, पीएमजीएसवाई, कृषि एवं भूमि संरक्षण विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को चमोली जनपद के नंदानगर क्षेत्र में आपदा से हुए नुकसान का जायजा लिया और प्रभावितों का हाल जाना। मुख्यमंत्री ने कहा कि संकट की इस घड़ी में सरकार पूरी तरह से प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने राहत कार्यो की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्रों में हुए नुक़सान का विस्तृत आकलन करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिजनों को 5-5 लाख की सहायता राशि के चेक भी प्रदान किये।
मुख्यमंत्री ने आपदा प्रभावित कुंतारी लगा फाली और कुंतारी लगा सरपाणी का स्थलीय निरीक्षण करने के साथ ही धुर्मा, मोख, कुंडी, बांसबारा और मोखमल्ला गांवों का हवाई सर्वेक्षण कर आपदा से नुकसान एवं राहत कार्यों का विस्तृत जायजा लिया। मुख्यमंत्री ने आपदा प्रभावितों से भेंट कर कहा कि आपदा की इस घड़ी में सरकार पूरी तरह से प्रभावितों की साथ खड़ी है। प्रभावित क्षेत्रों में युद्धस्तर पर राहत और बचाव कार्य संचालित किए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जन-जीवन को जल्द सामान्य करने के लिए राहत एवं बुनियादी सुविधाओं की बहाली के कार्यों को पूरी क्षमता व तत्परता से संचालित करने में निरंतर जुटे रहें। प्रभावित क्षेत्रों में विद्युत एवं पेयजल की सुचारू आपूर्ति और सभी क्षेत्रों तक सड़क संपर्क बहाल करने के काम को प्राथकिता से पूरा किया जाय।
इस दौरान जिलाधिकारी चमोली श्री संदीप तिवारी ने आपदा से हुए नुकसान तथा राहत एवं बचाव कार्यों की जानकारी देते हुए कहा कि आपदा प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्य लगातार जारी है। अब तक 12 घायल व्यक्तियों को हेलीकॉप्टर के माध्यम से हायर सेंटर रेफर किया गया है, जिनमें से 01 घायल व्यक्ति को एम्स ऋषिकेश तथा 11 घायलों को मेडिकल कॉलेज श्रीनगर भेजा गया।
कुंतरी लगा फाली, सरपाणी, धुर्मा, सेरा एवं मोख में लगभग 45 भवन पूरी तरह क्षतिग्रस्त हुए हैं तथा 15 गौशालाएं भी नष्ट हुई हैं, वहीं इन क्षेत्रों में 08 पशु मृत एवं 40 पशु लापता बताए गए हैं। प्रभावित क्षेत्रों में विस्तृत सर्वेक्षण का कार्य गतिमान है। प्रभावित लोगों को खाद्य सामग्री, आश्रय, स्वास्थ्य एवं अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
इस दौरान जनपद के प्रभारी मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, विधायक थराली श्री भूपाल राम टम्टा, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री दौलत सिंह बिष्ट, भाजपा जिलाध्यक्ष श्री गजपाल बर्तवाल, पुलिस अधीक्षक श्री सर्वेश पंवार, एसडीएम चमोली श्री आर.के.पाण्डेय सहित जनपद के अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
हल्द्वानी: शुक्रवार को हल्द्वानी पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर धामी ने इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम गौलापार में एशियाई कैडेट कप फेंसिंग प्रतियोगिता का दीप प्रज्वलित कर शुभारंभ किया गया।
इस महत्वपूर्ण आयोजन में सभी प्रतिभागियों को बधाई देते अपने संबोधन में माननीय मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी खिलाड़ी अपने अनुशासन, परिश्रम और सकारात्मक सोच से न केवल खेलों में नई ऊंचाइयाँ हासिल करेंगे, बल्कि समाज के समक्ष भी आदर्श प्रस्तुत करेंगे तथा उत्तराखंड को सभी क्षेत्रों में देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने के हमारे विकल्प रहित संकल्प को पूर्ण करने में अपना योगदान देंगे।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में खेलों को बढ़ावा देने के लिए भविष्य में भी इसी प्रकार कार्य करती रहेगी। उन्होंने सभी खिलाड़ियों से कहा कि वह पर्यावरण संरक्षण के प्रति सदैव सजग रहें और पौधारोपण, जल-संरक्षण व स्वच्छता के प्रति न केवल स्वयं का योगदान सुनिश्चित करें, बल्कि समाज को भी इसके लिए जागरूक करें, साथ ही नशे के दुष्प्रभावों के प्रति स्वयं भी सजग रहें और युवा पीढ़ी को जागरूक करें।
उन्होंने कहा कि जब एक फिट व्यक्ति नशा मुक्ति का संदेश देता है, तो वो संदेश हर युवा तक जाता है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार मुख्यमंत्री खेल विकास निधि, मुख्यमंत्री खिलाड़ी प्रोत्साहन योजना, मुख्यमंत्री उदीयमान खिलाड़ी योजना तथा खेल किट योजना जैसे कार्यक्रमों के माध्यम से राज्य के उभरते हुए युवा खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने का काम कर रही है, साथ ही उत्तराखण्ड खेल रत्न पुरस्कार और हिमालय खेल रत्न पुरस्कार प्रदान कर खिलाड़ियों की योग्यता को भी सम्मानित कर रहे हैं।
इसके अतिरिक्त राज्य की राजकीय सेवाओं में खिलाड़ियों के लिए 4 प्रतिशत खेल कोटे को पुनः लागू कर दिया है, जिससे राज्य के खिलाड़ियों के परिश्रम और उत्कृष्टता को उचित अवसर और सम्मान मिल सके। मुख्यमंत्री ने कहा कि इसी दौरान राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर राज्य के उत्कृष्ट खिलाड़ियों को 50-50 लाख रुपए की सम्मान राशि से भी पुरस्कृत किया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में खेलों के समग्र विकास और खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से सरकार ने नई खेल नीति लागू की है। जिसके अंतर्गत राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक विजेता खिलाड़ियों को आउट ऑफ टर्न सरकारी नौकरी प्रदान की जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंतनगर एयरपोर्ट के विस्तार की दिशा में भी कार्य कर रहे हैं साथ ही, माननीय रेल मंत्री जी से यहाँ नई ट्रेनें देने के लिए भी आग्रह किया है, जिससे यहां आने वाले यात्रियों, पर्यटकों और खिलाड़ियों को बेहतर यातायात सुविधाएँ उपलब्ध हो सकें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार हल्द्वानी में उत्तराखंड के प्रथम खेल विश्वविद्यालय एवं महिला स्पोर्ट्स कॉलेज स्थापित करने के अपने संकल्प को साकार करने हेतु तत्परता से कार्य कर रही है। विश्व विद्यालय की स्थापना के बाद खेल शिक्षा के क्षेत्र में भी अपनी एक अलग पहचान बनाएगा। यहाँ बढ़ती स्पोर्ट्स एक्टिविटी को देखते हुए यहाँ के कारोबारियों को भी भविष्य में लाभ प्राप्त होगा। और पर्यटकों की सुविधा में भी बढ़ोत्तरी होगी।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय खेलों में उत्तराखंड के खिलाड़ियों ने 103 पदक जीतकर पहली बार राष्ट्रीय खेलों में 7 वां स्थान प्राप्त कर एक नया इतिहास रचा है। राज्य में 517 करोड़ रुपये की लागत से विश्वस्तरीय स्पोर्ट्स इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करने का प्रयास किया है। इसी का परिणाम है कि उत्तराखंड केवल राष्ट्रीय ही नहीं, बल्कि अंतर्राष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं के आयोजनों के लिए एक महत्वपूर्ण स्थान बन गया है। जिसका एक उदाहरण ये एशियन कैडेट कप भी है।
उन्होंने कहा कि सरकार राज्य में शीघ्र ही एक स्पोर्ट्स लेगेसी प्लान भी लागू करने जा रही है, जिसके अंतर्गत प्रदेश के आठ प्रमुख शहरों में 23 खेल अकादमियों की स्थापना की जाएगी। उन्होंने कहा कि माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी खेलो इंडिया और फिट इंडिया मूवमेंट जैसे कार्यक्रमों के माध्यम से देश में खेल संस्कृति को प्रोत्साहित करने के लिए निरंतर कार्य कर रहे हैं। उनके नेतृत्व में भारत खेलों के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छू रहा है तथा वैश्विक मंच पर अपनी विशिष्ट पहचान बना रहा है। उनके मार्गदर्शन में राज्य सरकार भी प्रदेश में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने और खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने हेतु निरंतर प्रयास कर रही है।
उन्होंने कहा कि आधुनिक स्वरूप में भारत में फेंसिंग खेल की शुरुआत काफी देर से हुई और अन्य खेलों की तुलना में फेंसिंग को उतना प्रोत्साहन भी नहीं मिल पाया। लेकिन, पिछले कुछ वर्षों में फेंसिंग ने तेजी से लोकप्रियता हासिल की है और अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित भवानी देवी के राष्ट्रमंडल खेलों और एशियाई खेलो में मेडल के बाद अब युवाओं का इसके प्रति रुझान और अधिक बढ़ा है। आज युवा न केवल इस खेल में राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहे हैं, बल्कि अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर भी देश का नाम रोशन कर रहे हैं। आज जिस प्रकार शूटिंग, आर्चरी और जैवलिन थ्रो जैसे खेलों में पूरे विश्व में भारत का परचम लहराता है। आने वाले समय में फेंसिंग में भी हमारे युवा अपना उत्कृष्ट प्रदर्शन से नए-नए कीर्तिमान स्थापित करेंगे। फेंसिंग यानि तलवारबाजी की कला मानव सभ्यता के आरंभ से ही अस्तित्व में रही है। प्राचीन भारत में शस्त्र और शास्त्र दोनों के ज्ञान को ही पूर्ण शिक्षा माना जाता था और प्राचीन काल में शस्त्रविद्या हमारी शिक्षा का अनिवार्य अंग हुआ करती थी। हमारे गुरुकुलों में युवाओं को केवल वेद-पुराण और शास्त्रों का अध्ययन ही नहीं कराया जाता था, बल्कि आत्मरक्षा और समाज की रक्षा हेतु तलवार चलाने, गदा एवं धनुष-बाण चलाने और युद्धकला का प्रशिक्षण भी दिया जाता था। उन्होंने कहा कि हम सभी के लिए अत्यंत गर्व का विषय है कि देश में प्रथम बार आयोजित हो रही इस अंतर्राष्ट्रीय फेंसिंग प्रतियोगिता के आयोजन की मेजबानी का सुअवसर देवभूमि उत्तराखंड को प्राप्त हुआ है।
इससे पूर्व माननीय मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए राष्ट्रीय फेंसिंग महासंघ के महासचिव राजीव मेहता ने आयोजन के संबंध में विभिन्न जानकारियां दी उन्होंने अवगत कराया कि खेल एशियाई फेंसिंग परिसंघ की ओर से आयोजित 5 दिन स्पर्धा के मुकाबले आगामी 23 सितंबर तक खेले जाएंगे जिसमें देश-विदेश के लगभग 250 से अधिक खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं जिसमें भारत से लगभग 150 खिलाड़ी प्रतिभा कर रहे हैं बालक बालिका वर्ग में होने वाले होने जा रही इस स्पर्धा में तजाकिस्तान सीरिया मलेशिया श्रीलंका थाईलैंड इंडोनेशिया आदि देशों के खिलाड़ी प्रतिभाग कर रहे हैं।
इस अवसर पर विधायक डॉ मोहन सिंह बिष्ट, राम सिंह कैड़ा, प्रमोद नैनवाल, उत्तरांचल ओलंपिक संघ के अध्यक्ष महेश नेगी, जिला पंचायत अध्यक्ष दीपा दरमवाल, भाजपा जिला अध्यक्ष प्रताप बिष्ट, उत्तराखंड सरकार में दायित्वधारी डॉ अनिल कपूर डब्बू, शंकर कोरंगा, नवीन वर्मा, दीपक महरा, मेयर काशीपुर दीपक बाली, आयुक्त कुमाऊं मंडल व सचिव मुख्यमंत्री दीपक रावत, जिलाधिकारी वंदना, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रहलाद नारायण मीणा सहित विभिन्न जनप्रतिनिधि, अन्य देशों से आए खिलाड़ी, खेल प्रेमी आदि उपस्थित रहे।