Category: उत्तराखंड

  • कुंभ मेला 2027 के सफल आयोजन के लिए मुख्य सचिव ने मांगे सुझाव

    कुंभ मेला 2027 के सफल आयोजन के लिए मुख्य सचिव ने मांगे सुझाव

    2027 कुंभ मेले को सुव्यवस्थित एवं दिव्य व भव्य ढंग से आयोजित करने के उद्देश्य से मुख्य सचिव आनंद वर्धन की अध्यक्षता में सीसीआर सभागार में जनप्रतिनिधियों,स्टेक होल्डर,श्री गंगा सभा,व्यापार मंडल, प्रेस क्लब एवं विभिन्न संस्थाओं के पदाधिकारी के साथ महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जिसमें सभी सुझाव लिए गए।

    बैठक में मुख्य सचिव ने सभी जनप्रतिनिधियों एवं विभिन्न संस्थाओं से आए पदाधिकारियों का स्वागत किया, उन्होंने कहा कि कुंभ मेला का सफल संचालन एवं भव्यता के साथ आयोजित किए जाने के लिए सभी का सहयोग बहुत जरूरी है ताकि सभी सुविधाओं एवं व्यवस्थाओं को ठीक किया जा सके।

    उन्होंने कहा कि कुंभ मेले के सफल आयोजन के लिए सभी का सहयोग हर कुंभ मेले में उपलब्ध हो रहा है तथ्य आगामी कुंभ मेले को भी सुगम एवं सुव्यवस्थित ढंग से संचालित करने के लिए सभी का सहयोग आवश्यक है जिससे कि सभी के सहयोग से कुंभ मेले को दिव्य एवं भव्य ढंग से आयोजित किया जा सके।

    उन्होंने सभी पदाधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों को आश्वस्त किया है कि उनके द्वारा जो भी सुझाव दिए गए हैं तथा जो भी व्यवस्थाएं कराई जानी है उसके लिए मेला अधिकारी एवं जिला अधिकारी द्वारा बैठक में आए सभी सुझावों को शामिल किया जाएगा तथा उन पर जो भी कार्यवाही की जानी है वह कार्यवाही संबंधित विभाग द्वारा तत्परता से कराई जाएगी।

    बैठक के दौरान महापौर किरण जैसल, मेलाधिकारी सोनिका, जिलाधिकारी मयूर दीक्षित, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेंद्र सिंह डोभाल, उपाध्यक्ष एचआरडीए अंशुल सिंह, जिलाध्यक्ष भाजपा आशुतोष शर्मा, श्रीगंगा सभा अध्यक्ष नितिन गौतम, महामंत्री तन्मय वशिष्ठ, डीएफओ स्वप्निल अनिरुद्ध, मुख्य चिकित्सा अधिकारी आरके सिंह, एसपी क्राइम जितेंद्र मेहरा, एसपी सिटी पंकज गैरोला, अपर मेलाधिकारी दयानंद सरस्वती, सचिव एचआरडीए मनीष सिंह, उपजिलाधिकारी जितेंद्र कुमार, सिटी मजिस्ट्रेट कुसुम चौहान, सेक्रेटरी होटल एसोसिशन अमित चौहान, अध्यक्ष धर्मशाला समिति महेश गौड़, अध्यक्ष प्रेस क्लब हरिद्वार धर्मेंद्र चौधरी, महामंत्री दीपक मिश्रा, प्रदेश उपाध्यक्ष राज्य व्यापार मंडल तेज प्रकाश साहू, जिला महामंत्री प्रदेश व्यापार मंडल संजय त्रिवाल, जिलाध्यक्ष महानगर व्यापार मंडल सुनील सेठी सहित अन्य संस्थाओं के प्रतिनिधि एवं संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी भी मौजूद थे।

  • कुंभ मेला 2027 के सफल आयोजन के लिए मुख्य सचिव ने मांगे सुझाव

    कुंभ मेला 2027 के सफल आयोजन के लिए मुख्य सचिव ने मांगे सुझाव

    2027 कुंभ मेले को सुव्यवस्थित एवं दिव्य व भव्य ढंग से आयोजित करने के उद्देश्य से मुख्य सचिव आनंद वर्धन की अध्यक्षता में सीसीआर सभागार में जनप्रतिनिधियों,स्टेक होल्डर,श्री गंगा सभा,व्यापार मंडल, प्रेस क्लब एवं विभिन्न संस्थाओं के पदाधिकारी के साथ महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की जिसमें सभी सुझाव लिए गए।

    बैठक में मुख्य सचिव ने सभी जनप्रतिनिधियों एवं विभिन्न संस्थाओं से आए पदाधिकारियों का स्वागत किया, उन्होंने कहा कि कुंभ मेला का सफल संचालन एवं भव्यता के साथ आयोजित किए जाने के लिए सभी का सहयोग बहुत जरूरी है ताकि सभी सुविधाओं एवं व्यवस्थाओं को ठीक किया जा सके।

    उन्होंने कहा कि कुंभ मेले के सफल आयोजन के लिए सभी का सहयोग हर कुंभ मेले में उपलब्ध हो रहा है तथ्य आगामी कुंभ मेले को भी सुगम एवं सुव्यवस्थित ढंग से संचालित करने के लिए सभी का सहयोग आवश्यक है जिससे कि सभी के सहयोग से कुंभ मेले को दिव्य एवं भव्य ढंग से आयोजित किया जा सके।

    उन्होंने सभी पदाधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों को आश्वस्त किया है कि उनके द्वारा जो भी सुझाव दिए गए हैं तथा जो भी व्यवस्थाएं कराई जानी है उसके लिए मेला अधिकारी एवं जिला अधिकारी द्वारा बैठक में आए सभी सुझावों को शामिल किया जाएगा तथा उन पर जो भी कार्यवाही की जानी है वह कार्यवाही संबंधित विभाग द्वारा तत्परता से कराई जाएगी।

    बैठक के दौरान महापौर किरण जैसल, मेलाधिकारी सोनिका, जिलाधिकारी मयूर दीक्षित, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेंद्र सिंह डोभाल, उपाध्यक्ष एचआरडीए अंशुल सिंह, जिलाध्यक्ष भाजपा आशुतोष शर्मा, श्रीगंगा सभा अध्यक्ष नितिन गौतम, महामंत्री तन्मय वशिष्ठ, डीएफओ स्वप्निल अनिरुद्ध, मुख्य चिकित्सा अधिकारी आरके सिंह, एसपी क्राइम जितेंद्र मेहरा, एसपी सिटी पंकज गैरोला, अपर मेलाधिकारी दयानंद सरस्वती, सचिव एचआरडीए मनीष सिंह, उपजिलाधिकारी जितेंद्र कुमार, सिटी मजिस्ट्रेट कुसुम चौहान, सेक्रेटरी होटल एसोसिशन अमित चौहान, अध्यक्ष धर्मशाला समिति महेश गौड़, अध्यक्ष प्रेस क्लब हरिद्वार धर्मेंद्र चौधरी, महामंत्री दीपक मिश्रा, प्रदेश उपाध्यक्ष राज्य व्यापार मंडल तेज प्रकाश साहू, जिला महामंत्री प्रदेश व्यापार मंडल संजय त्रिवाल, जिलाध्यक्ष महानगर व्यापार मंडल सुनील सेठी सहित अन्य संस्थाओं के प्रतिनिधि एवं संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी भी मौजूद थे।

  • कांग्रेस नेता झूठ बोलने की मशीन, फैला रहे हैं शुरुआती आर्थिक पैकेज पर भ्रम : भाजपा

    कांग्रेस नेता झूठ बोलने की मशीन, फैला रहे हैं शुरुआती आर्थिक पैकेज पर भ्रम : भाजपा

    देहरादून: भाजपा ने आर्थिक पैकेज को लेकर कांग्रेसी आरोपों पर पलटवार करते हुए उनके नेताओं को झूठ बोलने की मशीन बताया है। प्रदेशाध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट ने कहा, पीएम ने स्वयं कहा, 1200 करोड़ शुरुआती मदद है, केंद्रीय टीम की रिपोर्ट के बाद फाइनल मदद दी जाएगी। लेकिन अफसोस जिन कांग्रेस नेताओं ने आपदाग्रस्त क्षेत्रों में जाने की जहमत तक नहीं उठाई वे राहत बचाव पर ज्ञान दे रहे हैं।

    विभिन्न माध्यमों से मीडिया द्वारा पूछे गए सवालों के जवाब देते हुए उन्होंने कहा, प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने संरक्षक की भांति उत्तराखंड पहुंचकर पीड़ितों का हाल जाना और राहत बचाव कार्य एवं नुकसान की समीक्षा की। उनके जिस आर्थिक पैकेज की घोषणा की गई, उसमें स्पष्ट बताया गया कि यह तात्कालिक मदद है। अभी आपदा में हुए नुकसान का जायजा लेने आई केंद्रीय टीम धरातल पर जानकारी एकत्र कर रही है। उनकी अन्तंतिम रिपोर्ट के आधार पर ही आगे जितनी और जैसी मदद की आवश्यकता होगी उसे मुहैय्या कराया जायेगा। और यह पैटर्न कोई नया नहीं है, पहले भी इसी तरह से आपदा में केंद्र द्वारा मदद की जाती है।

    उन्होंने कांग्रेस के आरोपों को पलटवार किया कि बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है, कांग्रेस का शरारत के तहत आधी अधूरी जानकारी को गलत तरीके पेश करना। जबकि सच वे भी जानते हैं कि पीएम की घोषणा शुरुआती मदद है और आगे फाइनल रिपोर्ट अनुशार मदद की जाएगी। अपनी सरकारों में आपदा को भ्रष्टाचार का अवसर मानने की नीति पर जीते आए हैं ये सभी कांग्रेस नेता। आज भी उनका पूरा ध्यान आर्थिक पैकेज की राशि में लगे जीरो बढ़ाने पर ही रहती है, यही वजह है कि जनता ने उन्हें जीरो कर दिया है। इनकी तत्कालीन सरकारों में तो जनता को भ्रमित करने के लिए केंद्र से झूठे वादे कराए जाते थे। और जो पैसा भी जाता था, तो उसकी खुलेआम बंदरबांट की जाती थी। लेकिन भाजपा की सरकारों में राहत बचाव कार्यों की तरह मदद की घोषणा भी पूरी गंभीरता और संवेदनशीलता से की जाती है। हमारे लिए आर्थिक पैकेज का मतलब है, मदद के एक एक पैसे को प्रत्येक जरूरतमंद तक पहुंचाना। कोई भी पीड़ित या प्रभावित व्यक्ति तकलीफ में नहीं रहे और आपदाग्रस्त क्षेत्र को पुनः खड़ा कर पहले से अधिक सुरक्षित बनाया जाए। पीएम मोदी की हमेशा से देवभूमि वीडियो पर विशेष कृपा रही है। ऐसे में सभी को विश्वास है कि जैसी, जितनी और जहां भी मदद की जरूरत होगी, उससे अधिक मदद केन्द्र से प्राप्त होगी।

    वही आपदा प्रबंधन और नीतियों को लेकर कांग्रेस नेताओं के आरोपों पर उन्हें आइना दिखाया कि कांग्रेस सरकारों में आपदा प्रबंधन का मतलब सिर्फ भ्रष्टाचार होता है। वहीं कटाक्ष किया कि जो तमाम नेता आपदा पर ज्ञान बांट रहे थे उनमें एक भी आपदा ग्रस्त क्षेत्र में पहुंचा। उनके ऐसे किसी भी नेता ने धरातल पर जाकर
    पीड़ितों या प्रभावितों के आंसू पोंछने या तकलीफ जानने की कोशिश की। क्या किसी ने स्वयं आपकाग्रस्त क्षेत्र में पहुंचकर राहत बचाव कार्य में सहयोग किया या अपने कार्यकर्ताओं से ऐसा करने की अपील की? बेहद अफसोस है कि विपक्ष के नेताओं ने इस संकट की घड़ी में अपनी सामाजिक जिम्मेदारियां का किसी भी तरह से निर्वहन नहीं किया। लेकिन अब कार्यालय में बैठकर आपदा पर ज्ञान बांट कर, कांग्रेस के बड़े-बड़े नेता पीड़ितों के जख्मों पर नमक छिड़कने का काम कर रहे हैं। प्रदेश की जनता, आपदा के समय कांग्रेस की विफलता सरकार में रहते तो देख ही चुकी है, अब विपक्ष में रहते भी अच्छी तरह देख समझ रही है।

  • 17 सितम्बर से 2 अक्टूबर तक जनपद में आयोजित होगा “सेवा पखवाड़ा”, विभिन्न विभाग करेंगे जनकल्याणकारी कार्यक्रमों का आयोजन

    17 सितम्बर से 2 अक्टूबर तक जनपद में आयोजित होगा “सेवा पखवाड़ा”, विभिन्न विभाग करेंगे जनकल्याणकारी कार्यक्रमों का आयोजन

    जिलाधिकारी आशीष भटगांई ने शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित बैठक में सेवा पखवाड़ा के सफल संचालन हेतु जिला स्तरीय अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि सभी विभाग शीघ्र ही अपना-अपना दैनिक कार्यक्रम रोस्टर तैयार कर जिला विकास अधिकारी कार्यालय में उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें।

    बागेश्वर: जनपद में 17 सितम्बर से 02 अक्टूबर तक आयोजित होने वाले सेवा पखवाड़ा के अंतर्गत समस्त विभागों द्वारा समन्वित रूप से विविध जनकल्याणकारी एवं जनजागरूकता कार्यक्रमों का संचालन किया जाएगा।

    शिक्षा एवं खेल विभाग द्वारा निबंध, चित्रकला, भाषण प्रतियोगिता एवं खेलकूद कार्यक्रम, स्वास्थ्य विभाग द्वारा चिकित्सा शिविर, रक्तदान शिविर तथा अस्पतालों में फल वितरण, समाज कल्याण एवं खाद्य आपूर्ति विभाग द्वारा पेंशन सत्यापन, नशा मुक्ति जागरूकता एवं राशन कार्ड सत्यापन कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

    बाल विकास विभाग बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान अंतर्गत बेटी जन्मोत्सव, महालक्ष्मी किट वितरण एवं योजनाओं का प्रचार-प्रसार करेगा। कृषि, उद्यान, मत्स्य, रेशम, भेषज व चाय बोर्ड द्वारा कृषि यंत्र एवं बीज वितरण, मृदा परीक्षण, किसान क्रेडिट कार्ड सुविधा, प्रदर्शनियां एवं जागरूकता शिविर संचालित किए जाएंगे। सहकारिता विभाग खाद-बीज वितरण एवं फसली ऋण वितरण करेगा।

    रोजगार एवं सेवायोजन, श्रम, उद्योग और पर्यटन विभाग रोजगार मेले, वोकेल फॉर लोकल अभियान, काउंसलिंग एवं चेक वितरण कार्यक्रम आयोजित करेंगे। इसी क्रम में बैंक एवं आरसेटी द्वारा ऋण वितरण, केवाईसी एवं बैंकिंग योजनाओं की जानकारी दी जाएगी।

    वन विभाग एवं सारा परियोजना वृहद वृक्षारोपण, “एक पेड़ माँ के नाम”, नदी उत्सव एवं जल संरक्षण अभियान चलाएंगे। राजस्व विभाग प्रमाण पत्रों के निस्तारण हेतु विशेष अभियान चलाएगा, वहीं निर्माणदायी संस्थाएं लोक निर्माण विभाग के समन्वय से नई योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास करेंगी।

    बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने 16 से 18 सितम्बर को छठवें राज्य वित्त आयोग, उत्तराखण्ड के प्रस्तावित जनपद भ्रमण की तैयारियों की भी समीक्षा की। उन्होंने बताया कि आयोग स्थानीय निकायों एवं पंचायतीराज संस्थाओं द्वारा किए गए नवाचारी एवं उल्लेखनीय प्रयासों का स्थलीय निरीक्षण करेगा। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे आयोग की टीम को हर स्तर पर सहयोग प्रदान करें तथा चयनित स्थलों की जानकारी सहित संक्षिप्त विवरण पूर्व में उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें, ताकि भ्रमण एवं निरीक्षण कार्य सुचारु रूप से संपन्न हो सके।

    इस दौरान सीडीओ आरसी तिवारी तथा समस्त जनपद स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।

  • जिलाधिकारी प्रशांत आर्य की अध्यक्षता में हुई जिला गंगा समिति (नमामि गंगे) की बैठक

    जिलाधिकारी प्रशांत आर्य की अध्यक्षता में हुई जिला गंगा समिति (नमामि गंगे) की बैठक

    उत्तरकाशी: जिलाधिकारी प्रशांत आर्य की अध्यक्षता में शुक्रवार को जिला गंगा समिति (नमामि गंगे) की बैठक हुई। जिलाधिकारी ने गंगोत्री से चिन्यालीसौड़ तक एवं डामटा से जानकीचट्टी तक सीवर एफ०एस०टी०पी० आदि कार्यों हेतु अब तक किये गये प्रयासों की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की।

    जिलाधिकारी ने पर्यटन विभाग को निर्देशित किया कि 20 सितम्बर से 30 सितम्बर तक एक विशेष अभियान चलाया जाए। जिसके अंतर्गत ऐसे होटल एवं व्यावसायिक प्रतिष्ठान जो अभी तक एसटीपी से नहीं जुड़े हैं उनका अनिवार्य रूप से पंजीकरण कराना सुनिश्चित करें।

    जिलाधिकारी ने गंगोत्री धाम में शेष बचे हाउस होल्ड्स को सीवर सुविधा से जोड़ने के लिए परियोजना प्रबन्धक निर्माण एवं अनुरक्षण इकाई को शीघ्र डीपीआर तैयार करने के निर्देश दिए। ताकि कार्य को गति प्रदान की जा सके और गंगा स्वच्छता मिशन को बल मिल सके।

    उल्लेखनीय है कि वर्तमान तक उत्तराखंड पर्यावरण संरक्षण व प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के पास 20 कमरों से अधिक वाले 123 होटल पंजीकृत है। जिसके सापेक्ष 104 होटल एसटीपी से जुड़े है और शेष पर कार्रवाई गतिमान है।

    जिलाधिकारी ने गंगा और गंगा की सहायक नदियों को स्वच्छ और प्रदूषण मुक्त रखने के निर्देश अधिकारियों को दिए। गंगा की सहायक नदियों और उनमें गिरने वाले नालों को साफ व स्वच्छ रखने के लिए वृहद स्तर पर स्वच्छता अभियान चलाने के निर्देश दिए।

    जिलाधिकारी ने ठोस और तरल अपशिष्ट प्रबंधन का उचित निस्तारण सुनिश्चित करने पर जोर दिया। समस्त नगर निकायों में डोर टू डोर कूड़े कलेक्शन को नियमित रूप से सुनिश्चित करने और कचरे को सैगरिकेट कर उचित निस्तारण करने और आम जनता को गीले और सूखे कचरे के प्रति जागरूक करने के निर्देश दिए।

    बैठक में डीएफओ डीपी बलूनी,जिला खनन अधिकारी प्रदीप कुमार,पर्यावरण विशेषज्ञ स्वजल प्रताप मटूड़ा,गंगा विचार मंच के प्रदेश संयोजक लोकेंद्र बिष्ट,जयप्रकाश भट्ट सहित समिति के अन्य पदाधिकारी एवं अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

  • जनपद टिहरी गढ़वाल में सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

    जनपद टिहरी गढ़वाल में सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

    जिलाधिकारी टिहरी गढ़वाल नितिका खण्डेलवाल के दिशा-निर्देशों के अनुपालन में जनपद के विभिन्न क्षेत्रों, स्कूलों, टैक्सी-मैक्सी यूनियनों एवं संस्थानों में सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं।

    इसी क्रम में आज परिवहन विभाग टिहरी द्वारा पी.एम. श्री प्राथमिक विद्यालय दुंगीधार में विद्यालय स्टाफ के सहयोग से सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में सभी छात्रों के अभिभावक उपस्थित रहे। इस दौरान बच्चों को यातायात नियमों की जानकारी दी गई तथा सड़क पर चलते समय सतर्क रहने के महत्व पर जोर दिया गया।

    परिवहन विभाग की ओर से प्रवर्तन अधिकारी बृजमोहन रावत ने बच्चों को हेलमेट एवं सीटबेल्ट के उपयोग, सड़क संकेतों की पहचान और सुरक्षित तरीके से सड़क पार करने के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य विवेक जोशी, मोर सिंह असवाल, सभी अध्यापकगण एवं स्थानीय लोग भी उपस्थित रहे।

    विद्यालय की ओर से सड़क सुरक्षा पर पोस्टर प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया, जिसमें वैष्णवी प्रथम, जिज्ञासा द्वितीय, सार्थक तृतीय, मीरा चतुर्थ, अनीशा पंचम, अरुण छठे एवं देवेश सातवें स्थान पर रहे। विजेताओं को ए.आर.टी.ओ. टिहरी सत्येंद्र राज द्वारा पुरस्कृत किया गया।

    इसके अतिरिक्त परिवहन विभाग द्वारा आज टिहरी–चंबा रोड पर सार्वजनिक सेवायानों में डस्टबिन की उपलब्धता की जांच हेतु विशेष अभियान चलाया गया। इस दौरान 16 वाहनों के चालान किए गए।

  • टिहरी गढ़वाल में सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

    टिहरी गढ़वाल में सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

    जिलाधिकारी टिहरी गढ़वाल नितिका खण्डेलवाल के दिशा-निर्देशों के अनुपालन में जनपद के विभिन्न क्षेत्रों, स्कूलों, टैक्सी-मैक्सी यूनियनों एवं संस्थानों में सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं।

    इसी क्रम में आज परिवहन विभाग टिहरी द्वारा पी.एम. श्री प्राथमिक विद्यालय दुंगीधार में विद्यालय स्टाफ के सहयोग से सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में सभी छात्रों के अभिभावक उपस्थित रहे। इस दौरान बच्चों को यातायात नियमों की जानकारी दी गई तथा सड़क पर चलते समय सतर्क रहने के महत्व पर जोर दिया गया।

    परिवहन विभाग की ओर से प्रवर्तन अधिकारी बृजमोहन रावत ने बच्चों को हेलमेट एवं सीटबेल्ट के उपयोग, सड़क संकेतों की पहचान और सुरक्षित तरीके से सड़क पार करने के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य विवेक जोशी, मोर सिंह असवाल, सभी अध्यापकगण एवं स्थानीय लोग भी उपस्थित रहे।

    विद्यालय की ओर से सड़क सुरक्षा पर पोस्टर प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया, जिसमें वैष्णवी प्रथम, जिज्ञासा द्वितीय, सार्थक तृतीय, मीरा चतुर्थ, अनीशा पंचम, अरुण छठे एवं देवेश सातवें स्थान पर रहे। विजेताओं को ए.आर.टी.ओ. टिहरी सत्येंद्र राज द्वारा पुरस्कृत किया गया।

    इसके अतिरिक्त परिवहन विभाग द्वारा आज टिहरी–चंबा रोड पर सार्वजनिक सेवायानों में डस्टबिन की उपलब्धता की जांच हेतु विशेष अभियान चलाया गया। इस दौरान 16 वाहनों के चालान किए गए।

  • ड्रग फ्री उत्तराखंड – 2025: स्वास्थ्य सचिव ने किया FDA मुख्यालय का औचक निरीक्षण

    ड्रग फ्री उत्तराखंड – 2025: स्वास्थ्य सचिव ने किया FDA मुख्यालय का औचक निरीक्षण

    देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के दिशा-निर्देशों पर “ड्रग फ्री उत्तराखंड – 2025” अभियान को नई गति देने के लिए स्वास्थ्य सचिव एवं आयुक्त, खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FDA) डॉ. आर. राजेश कुमार ने मंगलवार को FDA मुख्यालय का औचक निरीक्षण कर विभागीय कार्यों की बारीकी से समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने विभागीय गतिविधियों पर विस्तृत प्रेज़ेंटेशन दिया। सचिव ने स्पष्ट कहा कि मुख्यमंत्री के मिशन को युद्धस्तर पर चलाना विभाग की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। डॉ. आर. राजेश कुमार ने कहा कि “ड्रग फ्री उत्तराखंड – 2025” मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में केवल नारा नहीं, बल्कि ज़मीनी स्तर पर चल रहा ठोस अभियान है, जिसका लक्ष्य सुरक्षित, स्वस्थ और नशामुक्त समाज का निर्माण है।

    तेज हुई कार्रवाई, ठोस परिणाम
    डॉ. आर. राजेश कुमार ने बताया कि मुख्यमंत्री जी के ‘ड्रग फ्री उत्तराखंड – 2025’ के सपने को साकार करने के लिए विभाग युद्धस्तर पर जुटा है। क्विक रिस्पॉन्स टीम के गठन के बाद निरीक्षण और छापामारी में तेजी आई है। अब तक 450 से अधिक मेडिकल स्टोरों पर छापेमारी की कार्रवाई की जा चुकी है, 65 मैनुफैक्चरिंग यूनिट्स पर छापेमारी की गई है और बाकी की कार्रवाई गतिमान है। नेपाल बॉर्डर वाले इलाकों में सर्विलांस की कार्रवाई और तेज़ करने के निर्देश भी दिए गए हैं। नारकोटिक्स और नकली दवाओं पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए विभाग एसटीएफ, पुलिस और अन्य विभागों के साथ समन्वय को और तेज़ कर रहा है।

    नकली दवाओं और ड्रग्स पर ज़ीरो टॉलरेंस
    डॉ. आर. राजेश कुमार नकली दवाओं और नशीले पदार्थों के मामलों पर बेहद सख़्त नज़र आए। उन्होंने निर्देश दिया कि छापामार कार्रवाइयों की गति और दायरा दोनों बढ़ाए जाएं ताकि दोषियों के खिलाफ त्वरित और कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित हो सके। उन्होंने कहा कि दवाओं की गुणवत्ता न केवल स्वास्थ्य का बल्कि समाज के भरोसे का विषय है, इसलिए बाज़ार में बिक रही हर दवा सुरक्षित और वैज्ञानिक मानकों पर खरी उतरनी चाहिए।

    लैब और मोबाइल वैन से बढ़ी टेस्टिंग क्षमता
    निरीक्षण के दौरान डॉ. आर. राजेश कुमार ने फूड और कॉस्मेटिक लैब का भी जायज़ा लिया। उन्होंने सैंपलों की जांच, कार्रवाई और रिपोर्टिंग की व्यवस्था पर विस्तृत जानकारी ली और स्पष्ट निर्देश दिए कि हर स्तर पर पारदर्शिता और सख्ती बरती जाए। उन्होंने बताया कि वर्तमान में विभाग के पास तीन मोबाइल वैन हैं, जिनके ज़रिए सभी जगह सैंपल भरे जा रहे हैं। अगले दो से तीन माह में 10 और आधुनिक मोबाइल वैन मिलने वाली हैं। भारत सरकार से स्वीकृत मिल चुकी है। जल्द ही देहरादून स्थित लैव में आधुनिक उपकरण लग जायेगें। जिससे जांचों में और तेजी आयेगी। देहरादून में नई लैब खुलने से गढ़वाल क्षेत्र के सैंपलों की जांच में पहले से ही तेजी आई है।

    प्रवर्तन कार्यों को मजबूत करने के लिए नए कदम
    बैठक में विभागीय कार्यों को मज़बूत करने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। इनमें नवनियुक्त 18 औषधि निरीक्षकों को प्रवर्तन कार्यों के स्पष्ट लक्ष्य देना, अभिलेखों के रख-रखाव में एकरूपता लाना, न्यायालयों में लंबित वादों की प्रभावी पैरवी सुनिश्चित करना, वाद तैयार करने व विश्लेषण और दस्तावेजीकरण के लिए कार्यशाला आयोजित करना शामिल है। साथ ही विभागीय प्रवर्तन कार्यों पर Digital Repository और Coffee Table Book तैयार करने, repeated offenders की प्रभावी ट्रेसिंग की व्यवस्था बनाने और सीमांत जनपदों — चमोली, पिथौरागढ़ व चम्पावत — में सर्विलांस बढ़ाकर प्रवर्तन को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए गए।

    भविष्य की योजना
    सचिव ने कहा कि अगले तीन महीने विभाग के लिए निर्णायक होंगे। 18 नए ड्रग इंस्पेक्टरों की तैनाती के बाद फील्ड कार्यों में तेजी आई है। अंतर्राज्यीय समन्वय को और मज़बूत किया जाएगा और औषधि विक्रेताओं के distribution network की जांच कर उसका डेटा तैयार किया जाएगा। अगले दो–तीन महीनों में आधुनिक उपकरणों से लैस लैब के आने से दवा और खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता जांचने की प्रक्रिया और तेज़ एवं पारदर्शी होगी।

  • विभिन्न विभागों के वर्दीधारी पदों पर सीधी भर्ती के लिए एकीकृत भर्ती नियमावलियां लागू

    विभिन्न विभागों के वर्दीधारी पदों पर सीधी भर्ती के लिए एकीकृत भर्ती नियमावलियां लागू

    देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों के क्रम में राज्य के विभिन्न विभागों के वर्दीधारी उपनिरीक्षक एवं सिपाही के पदों पर सीधी भर्ती में एकरूपता लाने के लिए बनाई गई एकीकृत भर्ती नियमावलियां लागू कर दी गई हैं।

    राज्य में विभिन्न विभागों के समूह ‘ग‘ के वर्दीधारी उप निरीक्षक के पदों पर सीधी भर्ती की चयन प्रक्रिया को विहित करने के उद्देश्य से ‘उत्तराखंड वर्दीधारी उप निरीक्षक पदों पर सीधी भर्ती की चयन प्रक्रिया नियमावली-2025‘ और वर्दीधारी सिपाही के पदों पर सीधी भर्ती की चयन प्रक्रिया को विहित करने हेतु ‘उत्तराखंड वर्दीधारी सिपाही पदों पर सीधी भर्ती की चयन प्रक्रिया नियमावली-2025‘ बनाए जाने के संबंध में अधिसूचनाएं शासन के गुरूवार को जारी की गई।

    ‘उत्तराखंड वर्दीधारी उप निरीक्षक पदों पर सीधी भर्ती की चयन प्रक्रिया नियमावली-2025‘ गृह विभाग के अधीन वेतन लेवल-7 में उप निरीक्षक (नागरिक पुलिस/ अभिसूचना), प्लाटून कमांडर, गुल्म नायक (पी.ए.सी./आई.आर.बी.), अग्नि शमन द्वितीय अधिकारी के पदों और उप कारापाल (वेतन लेवल-6) के साथ ही वेतन लेवल-5 में होमगार्ड विभाग के प्लाटून कमांडर, वन विभाग के वन दरोगा, आबकारी विभाग के आबकारी उप निरीक्षक तथा युवा कल्याण एवं प्रान्तीय रक्षक दल विभाग के क्षेत्रीय युवा कल्याण एवं प्रान्तीय रक्षक दल अधिकारी के पदों पर सीधी भर्ती के मामले में लागू होगी।

    शासन द्वारा जारी ‘उत्तराखंड वर्दीधारी सिपाही पदों पर सीधी भर्ती की चयन प्रक्रिया नियमावली-2025‘ के अंतर्गत गृह विभाग के आरक्षी पुलिस, आरक्षी पी.ए.सी., आरक्षी आई.आर.बी., अग्निशामक एवं बंदी रक्षक, वन विभाग के वन आरक्षी, आबकारी विभाग के आबकारी सिपाही, परिवहन विभाग के प्रवर्तन सिपाही तथा सचिवालय प्रशासन विभाग के सचिवालय/ विधान भवन रक्षक के वेतन लेवल-3 के पदों को शामिल किया गया है।

    राज्य के युवाओं के हितों व सुविधा का ध्यान रखते हुए विभिन्न विभागों में वर्दीधारी उप निरीक्षक एवं सिपाही के पदों पर एकीकृत भर्ती की व्यवस्था एक महत्वपूर्ण कदम है। “उत्तराखंड सरकार की प्रतिबद्धता के अनुरूप वर्दीधारी पदों हेतु तैयार की गई नई नियमावलियां युवाओं को पारदर्शी और निष्पक्ष भर्ती के अवसर प्रदान करने के साथ ही राज्य की सुरक्षा और सेवा व्यवस्था को भी और अधिक सशक्त बनाएगी।
    -पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री

  • मुख्यमंत्री द्वारा विभिन्न विकास योजनाओं के लिए स्वीकृत की गई 100 करोड़ की धनराशि

    मुख्यमंत्री द्वारा विभिन्न विकास योजनाओं के लिए स्वीकृत की गई 100 करोड़ की धनराशि

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद देहरादून के विधानसभा क्षेत्र सहसपुर के अन्तर्गत मिट्ठीबेरी से परवल होते हुए चांदनी चौक तक और परवल से विज्ञान धाम झाजरा तक मार्ग का चौडीकरण के कार्य के अन्तर्गत मिट्ठीबेरी-परवल मार्ग के चौड़ीकरण कार्य हेतु 12.3 करोड़ की योजना स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया है।

    मुख्यमंत्री द्वारा राज्य योजना के अन्तर्गत जनपद देहरादून के विधानसभा क्षेत्र कैन्ट के वसंत विहार सोसाइटी के आन्तरिक मार्गों का बी०एम० एस०डी०बी०सी० द्वारा सुदृढीकरण का कार्य एवं विधानसभा कैन्ट के अन्तर्गत केशवरोड़, नेशनल रोड, शिव कॉलोनी, द्रोणपुरी, प्रेमनगर चुंगी से मोहनपुर पावर हाउस तक मिलन विहार, रजत एन्कलेव तथा पार्क रोड के आन्तरिक क्षतिग्रस्त मार्गों का सुधारीकरण के कार्य हेतु 3.52 करोड़ की योजना स्वीकृत किए जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया है।

    मुख्यमंत्री द्वारा जिला कारागार, हरिद्वार में बैरक सं० 01, 02, व 06 के प्रथम तल पर नवीन बैरकों के निर्माण कार्य हेतु 4.91 करोड़ एवं महिला बैरक के प्रथम तल पर नवीन बैरक के निर्माण कार्य हेतु 01 करोड़ की धनराशि स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया है।

    इसके साथ ही मुख्यमंत्री द्वारा आयुर्वेदिक एवं यूनानी सेवायें विभागीय जनपद टिहरी में संचालित 02 चिकित्सालयों (1-राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय मोल्यासेरा, टिहरी गढ़वाल के राजकीय भवन निर्माण हेतु 2.89 करोड़ एवं 2-राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय बंगियाल, टिहरी गढ़वाल के राजकीय भवन के निर्माण हेतु 2.5 करोड़ की धनराशि स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया।

    मुख्यमंत्री द्वारा विश्व बैंक पोषित अर्द्धनगरीय क्षेत्रों हेतु उत्तराखण्ड पेयजल कार्यक्रम हेतु वर्तमान वित्तीय वर्ष 2025-26 के राजस्व मद में 7 करोड़ एवं पूंजीगत मद में 67 करोड़ की धनराशि अवमुक्त किये जाने का भी अनुमोदन प्रदान किया गया है।